सोमवार को INDIA ब्लॉक के नेताओं ने दिल्ली में मार्च निकालकर CJI को ज्ञापन सौंपने की तैयारी की थी. इससे एक दिन पहले, 11 अक्टूबर को चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने विपक्षी दलों के नेताओं से मुलाकात करने से इनकार कर दिया था. इसके बाद केरल कांग्रेस ने CJI पर निशाना साधते हुए सोशल मीडिया पर पोस्ट किया.
केरल कांग्रेस ने X पर लिखा, 'डियर सूर्यकांत, अगर कानून-व्यवस्था आपकी जिम्मेदारी नहीं है, तो अभी इस्तीफा दे दीजिए. हम आपकी जगह ऐसे व्यक्ति को नियुक्त करेंगे, जो इसे संभाल सके.' पोस्ट सामने आने के बाद विवाद बढ़ गया. बीजेपी के साथ-साथ कांग्रेस के सहयोगी दलों के नेताओं ने भी इसकी आलोचना की. बढ़ते विरोध के बीच केरल कांग्रेस ने अपना पोस्ट डिलीट कर दिया.
केरल कांग्रेस के इस पोस्ट पर केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने पलटवार किया. X पर पोस्ट करते हुए उन्होंने कहा कि वह पहले भी कह चुके हैं कि कांग्रेस का अगला निशाना न्यायपालिका है. रिजिजू ने आरोप लगाया कि कांग्रेस देश की संवैधानिक और लोकतांत्रिक संस्थाओं को खत्म करना चाहती है. उन्होंने कहा कि सभी 'एंटी-इंडिया गैंग' एकजुट हो रहे हैं और देशभक्त भारतीय भी एक साथ आएंगे.
SCBA ने बयानों की निंदा की
वहीं, सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (SCBA) ने CJI जस्टिस सूर्यकांत के इस्तीफे की मांग को लेकर सोशल मीडिया पर दिए जा रहे बयानों की निंदा की. SCBA ने कहा कि इस तरह के बयान न्यायपालिका को कमजोर करते हैं.
पवन खेड़ा बोले- बयान से पूरी तरह असहमत
केरल कांग्रेस के डिलीट किए गए पोस्ट पर कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने कहा कि कांग्रेस इस बयान से पूरी तरह असहमत है. उन्होंने कहा, 'जिसने भी यह किया है, हम उसकी स्थिति से पूरी तरह असहमत हैं. यह पूरी तरह गलत है. हमें देश की न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है और हम सुप्रीम कोर्ट का सम्मान करते हैं. यही वजह है कि हम सुप्रीम कोर्ट के दरवाजे तक गए और वहां अपनी बात रखी, क्योंकि हमें न्यायपालिका पर भरोसा है.'
वी. शिवदासन ने कहा- संघर्ष जारी रहेगा
CPI(M) सांसद वी. शिवदासन ने कहा कि दिल्ली में वे फिलहाल संघर्ष के रास्ते पर हैं. उन्होंने कहा, 'हम सरकार की नीतियों के साथ-साथ चुनावी प्रक्रिया में चुनाव आयोग के अनडेमोक्रेटिक हस्तक्षेप के खिलाफ लड़ेंगे.' उन्होंने आगे कहा, 'अगर सुप्रीम कोर्ट भी इस मुद्दे को सही तरीके से उठाने के लिए तैयार नहीं है, तो हमारा संघर्ष जारी रहेगा. मुझे पूरा भरोसा है कि यह संघर्ष अपने लक्ष्य को हासिल करेगा.'
महुआ माजी बोलीं- हमें सुप्रीम कोर्ट पर भरोसा
JMM सांसद महुआ माजी ने कहा कि वह केरल कांग्रेस के इस नजरिए से सहमत नहीं हैं. उन्होंने कहा, 'जब देश में लोगों को हर मोर्चे पर हार का सामना करना पड़ता है, तो वे न्यायपालिका का दरवाजा खटखटाते हैं और सुप्रीम कोर्ट सभी अदालतों से ऊपर है. हम यहां इसलिए आए हैं क्योंकि हमें भरोसा है कि सुप्रीम कोर्ट में हमें न्याय मिलेगा.'
महुआ माजी ने कहा कि INDIA गठबंधन ने हर संभव दरवाजा खटखटाया है. उन्होंने राष्ट्रपति से मुलाकात की और हर राज्य में अपनी आवाज उठाई. उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर हर जिले के मुख्यालय पर प्रदर्शन हुए हैं और ये प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहे हैं. INDIA गठबंधन के नेताओं ने दिल्ली की सड़कों पर भी शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया. उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों के जुटने से जनता के गुस्से की गहराई साफ दिखाई देती है.
राजीव राय बोले- देश को गहरी निराशा हुई
समाजवादी पार्टी के सांसद राजीव राय ने भी केरल कांग्रेस के इस पोस्ट पर प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा, 'मैं न्यायपालिका के बारे में ज्यादा कुछ नहीं कहना चाहूंगा, लेकिन इतना जरूर कहूंगा कि देश को गहरी निराशा हुई है.'
सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस पर साधा निशाना
वहीं, बीजेपी सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि देश की सड़कों पर हंगामा करने पर आमादा 'अराजक कांग्रेस' राजनीतिक इतिहास में अभूतपूर्व स्तर तक गिर गई है. उन्होंने कहा, 'आज केरल कांग्रेस की ओर से एक और निंदनीय बयान सामने आया है. उन्होंने X पर लिखा कि अगर कानून-व्यवस्था आपका क्षेत्र है, तो पद छोड़ दीजिए, हम दूसरी व्यवस्था कर लेंगे. इससे पता चलता है कि कांग्रेस की एक राज्य इकाई, वह भी केरल में, जहां उनकी मुस्लिम लीग के साथ गठबंधन सरकार है, कैसे यह कह सकती है कि वह नए चीफ जस्टिस का फैसला कर सकती है और CJI के इस्तीफे की मांग कर सकती है.' सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि अब मुस्लिम लीग, 'माओवादी कांग्रेस' और उनके 'दिमागी नक्सल' मानसिकता का असली चेहरा सामने आ गया है.
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