"सरकारें आएंगी-जाएंगी, पार्टियां बनेंगी-बिगड़ेंगी, मगर ये देश रहना चाहिए, देश का लोकतंत्र रहना चाहिए." भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के यह शब्द आज भी भारतीय राजनीति में उनकी सोच, देश के विकास के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को याद दिलाते हैं. आज अटल बिहारी वाजपेयी की आठवी पुण्यतिथि है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन, राज्यसभा के उप सभापति हरिवंश नारायण सिंह समेत तमाम नेताओं ने 'सदैव अटल' समृद्धि स्थल पर जाकर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह समेत तमाम दिग्गज नेताओं ने X पर पोस्ट कर उनकी पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है.
प्रधानमंत्री मोदी ने भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर X पर पोस्ट करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है. उन्होंने उन्हें एक असाधारण राजनेता बताया है. उनका कहना है कि अटल बिहाजी वाजपेयी ने अपना पूरा जीवन देश सेवा में समर्पित किया. उनके विचार और प्रयासों ने आने वाली पीढ़ी को प्रेरित किया और उनके नेतृत्व ने देश को मजबूत किया.
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी X पर पोस्ट कर भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को श्रद्धांजलि अर्पित की है. अटल बिहारी वाजपेयी को याद करते हुए अमित शाह ने लिखा है कि उन्होंने परमाणु परीक्षण और कारगिल युद्ध के जरिए दुनिया को भारत की ताकत दिखाई. उनकी मूल्य आधारित राजनीति से अंत्योदय और सुशासन की सोच धरातल पर उतरी.
वाजपेयी का राजनीतिक जीवन देश के कई बड़े और दूरदर्शी फैसलों के लिए जाना जाता रहा है. उनके कार्यकाल में उन्होंने परमाणु परीक्षण ले लेकर ग्रामीण सड़क योजना, टेलीकॉम और शिक्षा के क्षेत्र में कई अहम फैसले लिए.
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अटल बिहारी वाजपेयी ने अपने राजनीतिक कार्यकाल में पोखरण में परमाणु परीक्षण करके दुनिया को भारत की ताकत दिखाई थी. राजस्थान के पोखरण में परमाणु परीक्षण के बाद भारत की परमाणु शक्ति के रूप में स्थिति मजबूत हुई थी. उन्होंने दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और कोलकाता और जोड़ने वाली बड़ी हाईवे परियोजना की शुरुआत की थी. उन्होंने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की शुरुआत की थी. इस योजना को गांवों को पक्की सड़कों से जोड़ने की दिशा में बड़े कदम के रूप में देखा जाता है.
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