हरियाणा के अंबाला जिले के धनौरा गांव में चार साल का मासूम निर्भय सिंह पिछले कई घंटों से 220 फीट गहरे बोरवेल में फंसा हुआ है. बच्चे को बाहर निकालने के लिए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, सेना, फायर ब्रिगेड और स्थानीय प्रशासन की टीमें लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं. हालांकि अब तक किए गए 14 प्रयास असफल रहे हैं. जानकारी के मुताबिक, निर्भय मंगलवार सुबह करीब साढ़े 6 बजे अपने दादा को खाना देने के लिए पिता मनजीत सिंह के साथ खेत में गया था.
इसी दौरान खेलते समय निर्भय खेत में खुले पड़े पुराने बोरवेल में गिर गया. बोरवेल की गहराई करीब 220 फीट बताई जा रही है. रेस्क्यू टीमों ने बोरवेल के अंदर अंडरवॉटर CCTV कैमरे और डिजिटल उपकरण उतारे हैं. कैमरों में लाल रंग की टी-शर्ट पहने निर्भय का हाथ और शरीर पानी में दिखाई दे रहा है. अधिकारियों के मुताबिक, बच्चा पहले करीब 220 फीट की गहराई पर फंसा था, लेकिन रेस्क्यू के दौरान उसके और नीचे खिसककर करीब 240 फीट तक पहुंचने की आशंका है.
बोरवेल में 60 फीट से ही रिस रहा पानी
बच्चे को निकालने के लिए हुक, रस्सी और एल्युमीनियम पाइप की मदद से लगातार कोशिशें की जा रही हैं, लेकिन अभी तक सफलता नहीं मिली है. रात में भी ऑपरेशन जारी रखने के लिए हाई पावर नाइट लाइट्स लगाई गई हैं. रेस्क्यू टीमों के अनुसार, बोरवेल में करीब 60 फीट से ही पानी रिस रहा है और नीचे काफी पानी भरा हुआ है. कैमरों में अब तक बच्चे के शरीर में कोई हलचल नजर नहीं आई है. एनडीआरएफ अधिकारियों ने बच्चे के सुरक्षित बचने की संभावना कम बताई है, हालांकि रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है.
बच्चे के पिता-दादा की तबीयत बिगड़ी
घटना की सूचना मिलते ही अंबाला के उपायुक्त अजय सिंह तोमर और अंबाला कैंट के एसडीएम मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू अभियान की निगरानी की. स्वास्थ्य विभाग की टीमों को भी मौके पर भेजा गया है. बच्चे के पिता मनजीत सिंह और दादा करनैल सिंह की तबीयत बिगड़ने पर उनका स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया. हरियाणा सरकार में मंत्री अनिल विज ने भी मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन का जायजा लिया.
अंबाला के उपायुक्त अजय सिंह तोमर ने कहा कि खुले बोरवेल छोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं. उन्होंने किसानों से अपील की कि वे बोरवेल को खुला न छोड़ें और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करें, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके. फिलहाल एनडीआरएफ, सेना और अन्य एजेंसियों की संयुक्त टीमें बच्चे को बोरवेल से बाहर निकालने के लिए लगातार प्रयास कर रही हैं.
अमन भारद्वाज