दिल्ली: दोस्त ने रची खौफनाक साजिश, गहनों के लिए हत्या कर यमुना में फेंके शव के टुकड़े

दिल्ली में लालच की वजह से एक 48 वर्षीय व्यक्ति की हत्या कर शव के टुकड़े कर यमुना में फेंकने का सनसनीखेज मामला सामने आया है. दोस्त ने साथियों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया. चार आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं, जबकि एक फरार है. पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी और टोल डेटा की मदद से अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाई.

Advertisement
 दोस्त ने रची खौफनाक साजिश, मारकर यमुना में फेंके शव के टुकड़े (Photo: representational image ) दोस्त ने रची खौफनाक साजिश, मारकर यमुना में फेंके शव के टुकड़े (Photo: representational image )

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 02 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 3:18 PM IST

दिल्ली में दोस्ती के रिश्ते को कलंकित करने वाली एक सनसनीखेज वारदात का खुलासा हुआ है. लालच में अंधे एक युवक ने अपने साथियों के साथ मिलकर 48 वर्षीय व्यक्ति की हत्या कर दी और पहचान मिटाने के इरादे से शव के टुकड़े कर उन्हें यमुना नदी में फेंक दिया. मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक आरोपी अभी फरार है.

Advertisement

पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान अनरूप गुप्ता के रूप में हुई है, जो छत्तीसगढ़ सदन में कैंटीन चलाते थे. मुख्य आरोपी हैप्पी उर्फ सूरज (29) ने करीब एक साल पहले उनसे दोस्ती की थी. जांच में सामने आया कि आरोपी की नजर गुप्ता द्वारा पहने जाने वाले सोने के आभूषणों पर थी और उसे यह भी पता था कि वह परिवार से अलग रह रहे हैं.

18 फरवरी को हैप्पी ने गुप्ता को मटियाला एक्सटेंशन स्थित अपने किराये के मकान पर पार्टी के बहाने बुलाया. वहां उसने अपने साथियों के साथ मिलकर गुप्ता को रस्सी से बांध दिया और पैसों की मांग करते हुए मारपीट की. गुप्ता ने बताया कि उसके सोने के गहने छत्तीसगढ़ सदन में खड़ी उसकी एसयूवी में हैं. आरोपी कार की चाबी लेकर वाहन वहां से गए और गहने निकाल लिए. जब गुप्ता ने नकद पैसे देने से इनकार किया तो आरोपियों ने उसकी हत्या कर दी.

Advertisement

इसके बाद शव के टुकड़े कर तीन प्लास्टिक बैग में भरकर उसी एसयूवी से उत्तर प्रदेश के वृंदावन के पास यमुना नदी में फेंक दिया गया. जांच भटकाने के लिए आरोपियों ने गुप्ता का मोबाइल बंद नहीं किया और उसी से कैंटीन स्टाफ व परिजनों को भ्रामक संदेश भेजे.

23 फरवरी को परिजनों द्वारा गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद पुलिस ने जांच तेज की. सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और एनएचएआई टोल डेटा के विश्लेषण से एसयूवी की गतिविधियां सामने आईं. फुटेज में गुप्ता को मटियाला स्थित इमारत में जाते देखा गया, लेकिन बाहर निकलते नहीं. बाद में वही कार यमुना एक्सप्रेसवे की ओर जाती दिखाई दी.
  

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement