मुस्लिम वोटों का बंटवारा रोकने के लिए CM नीतीश की क्लोज-डोर मीटिंग, भाजपा-AIMIM के खिलाफ दी ये चेतावनी

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुस्लिम वोटों का बंटवारा रोकने के लिए अपने आवास पर एक अहम बैठक की. बैठक में नीतीश कुमार ने 2024 के चुनाव से पहले बीजेपी के सक्रिय होने और सांप्रदायिक सद्भाव को बिगाड़ने की कोशिश की आशंका जताई. नीतीश कुमार ने मुस्लिम बुद्धिजीवियों से विभाजनकारी ताकतों के खिलाफ हाई अलर्ट पर रहने की अपील की.

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नीतीश कुमार (File photo) नीतीश कुमार (File photo)

रोहित कुमार सिंह

  • पटना,
  • 03 जनवरी 2023,
  • अपडेटेड 6:11 PM IST

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान मुस्लिम वोट बैंक के बंटवारे को रोकने के लिए नई रणनीति पर काम करना शुरू कर दिया है. नीतीश कुमार ने सोमवार शाम अपने 1, अणे मार्ग स्थित आवास पर मुस्लिम समाज के विभिन्न वर्गों के बुद्धिजीवियों के साथ बंद कमरे में बैठक की. दिलचस्प बात यह है कि इस बैठक में जनता दल यूनाइटेड के मुस्लिम नेताओं को आमंत्रित नहीं किया गया था.

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बैठक में नीतीश कुमार ने 2024 के चुनाव से पहले बीजेपी के सक्रिय होने और सांप्रदायिक सद्भाव को बिगाड़ने की कोशिश की आशंका जताई. नीतीश कुमार ने मुस्लिम बुद्धिजीवियों से विभाजनकारी ताकतों के खिलाफ हाई अलर्ट पर रहने की अपील की.

सीएम ने मुस्लिम समुदाय को AIMIM सांसद असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी से सावधान रहने की भी चेतावनी दी, जो उनके मुताबिक बीजेपी की बी टीम थी. उन्होंने कहा कि असदुद्दीन ओवैसी जैसे नेताओं ने मुस्लिम वोटों के विभाजन के लिए सांप्रदायिक माहौल को खराब करने के लिए अभद्र टिप्पणियों का इस्तेमाल किया.

माना जाता है कि बैठक में नीतीश कुमार ने बताया कि कैसे उनकी सरकार ने पिछले 18 सालों में बिहार में मुसलमानों के उत्थान और विकास के लिए काम किया है. गौरतलब है कि नीतीश इस बात से वाकिफ हैं कि बिहार में 2020 के विधानसभा चुनाव के दौरान सीमांचल क्षेत्र में एआईएमआईएम की वजह मुस्लिम वोट बैंक किस कदर बट गया था, जिसका खामियाजा आरजेडी को उठाना पड़ा था.

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स्पष्ट है कि नीतीश कुमार 2024 के लिए विपक्षी दलों को गोलबंद करने की कोशिशों के साथ-साथ मुस्लिम वोट बैंक को बीजेपी के खिलाफ एकजुट करने की कोशिश कर रहे हैं, ताकि यह विभाजित न हों.

नीतीश की इस मीटिंग पर भाजपा विधायक संजय सरावगी ने कहा कि मुस्लिम बुद्धिजीवियों के साथ नीतीश की मुलाकात ने संकेत दिया कि यह बिहार के सीएम हैं, जो सांप्रदायिक नेता हैं और समाज को बांटना चाहते हैं. उन्होंने जोर देकर कहा कि नीतीश जो चाहें कोशिश कर सकते हैं, लेकिन 2024 के लिए कोई जगह खाली नहीं है.

इस बैठक पर टिप्पणी करते हुए भाजपा नेता शाहनवाज हुसैन ने बीजेपी के नाम का इस्तेमाल कर मुसलमानों में डर पैदा करने के लिए नीतीश की आलोचना की. उन्होंने कहा कि 2024 में पीएम के लिए कोई पद खाली नहीं होगा और बीजेपी बिहार में सभी 40 सीटों पर जीत हासिल करेगी. 

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