पंजाब में नशे की समस्या और गैंगस्टर हिंसा को लेकर सियासत तेज है. कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने गृह मंत्री अमित शाह पर सवाल उठाते हुए कहा कि 'अब ऐलान करने का नहीं, एक्शन लेने का वक्त है'. उन्होंने पूछा कि पंजाब में नशे और गैंगस्टर खत्म करने की बात अब हो रही है, तो पिछले 12-13 साल में इस मुद्दे पर ध्यान क्यों नहीं दिया गया?
सचिन पायलट 16 से 20 अक्टूबर तक पांच दिन के पंजाब दौरे पर हैं. इस दौरान वह अलग-अलग जिलों में जाकर गैंगस्टर हिंसा से प्रभावित परिवारों से मुलाकात करेंगे. उनका कहना है कि कांग्रेस ही पंजाब को नशे और गैंगस्टरों से मुक्त करा सकती है. उन्होंने राज्य में कांग्रेस की एकजुटता पर भी भरोसा जताया.
गैंगस्टर हिंसा से प्रभावित परिवारों से मिलेंगे पायलट
पंजाब में गैंगस्टर हिंसा से प्रभावित परिवारों से सचिन पायलट मुलाकात करेंगे. वह आने वाले दिनों में अलग-अलग जिलों का दौरा कर इन परिवारों का हाल जानेंगे. पायलट का कहना है कि कांग्रेस ही पंजाब को नशे और गैंगस्टर से मुक्त करा सकती है.
इसके अलावा, पंजाब में कांग्रेस की अंदरूनी खींचतान को लेकर सचिन पायलट ने कहा कि पार्टी एकजुट होकर चुनाव में उतरेगी. उन्होंने कहा कि पंजाब के लोगों को आम आदमी पार्टी (AAP) के साथ कांग्रेस से भी उम्मीदें हैं. पायलट ने भरोसा जताया कि कांग्रेस के नेता मिलकर चुनाव लड़ेंगे और बेहतर प्रदर्शन करेंगे.
अमित शाह से पायलट का सवाल- अब तक ध्यान क्यों नहीं दिया?
अमित शाह के पंजाब में नशे और गैंगस्टर खत्म करने के बयान पर सचिन पायलट ने सवाल उठाया. उन्होंने कहा कि इस समस्या पर ध्यान देने के लिए पहले भी काफी समय था. ऐसे में 12-13 साल बाद पंजाब की याद आने पर उन्होंने सवाल किया.
पायलट का कहना है कि अब सिर्फ घोषणाएं करने से काम नहीं चलेगा. नशे और गैंगस्टर के खिलाफ ठोस कार्रवाई करके दिखानी होगी. उनके बयान में केंद्र सरकार से जवाब मांगने के साथ पंजाब में इस समस्या से निपटने के लिए जमीन पर कदम उठाने पर जोर दिया गया है.
असीम बस्सी