रूस में US का सीक्रेट प्लेन, अंदर थे CIA चीफ... क्या खिचड़ी पका रहे ट्रंप-पुतिन?

अमेरिका के CIA चीफ जॉन रैटक्लिफ मॉस्को पहुंचे. अमेरिकी मीडिया ने सूत्रों के हवाले से बताया कि वह रूसी अधिकारियों के साथ गुप्त बैठक के लिए रूस गए हैं. इस दौरे को लेकर न तो CIA और न ही क्रेमलिन ने कोई आधिकारिक जानकारी दी है.

Advertisement
CIA चीफ के रूस दौरे पर खुद CIA कुछ कहने से इनकार किया है. (Photo- ITG) CIA चीफ के रूस दौरे पर खुद CIA कुछ कहने से इनकार किया है. (Photo- ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 26 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 8:57 AM IST

अमेरिका और रूस के बीच रिश्तों में एक बार फिर बड़े पर्दे के पीछे हलचल तेज होती दिख रही है. अमेरिकी खुफिया एजेंसी CIA के प्रमुख जॉन रैटक्लिफ मंगलवार को मॉस्को पहुंच गए. अमेरिकी मीडिया ने अज्ञात सूत्रों के हवाले से इसकी जानकारी दी है. रैटक्लिफ रूस में किन अधिकारियों से मिल रहे हैं और बातचीत का एजेंडा क्या है, इसकी कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है.

Advertisement

इस दौरे को इसलिए भी बेहद अहम माना जा रहा है क्योंकि नवंबर 2021 में CIA के तत्कालीन प्रमुख विलियम बर्न्स की व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात के बाद पहली बार किसी अमेरिकी खुफिया प्रमुख के मॉस्को जाने की खबर सामने आई है. उस मुलाकात के करीब तीन महीने बाद रूस ने यूक्रेन पर हमला शुरू किया था.

यह भी पढ़ें: रूस में जयशंकर, जापान में गोयल और US में सीतारमण... चार अलग-अलग देशों में PM मोदी के मंत्री

सबसे बड़ा सवाल इस दौरे की गोपनीयता को लेकर है. रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका ने पिछले हफ्ते यूक्रेन से कहा था कि वह सोमवार, मंगलवार और बुधवार को मॉस्को, सेंट पीटर्सबर्ग और रूस के कुछ उत्तरी इलाकों के आसपास हवाई हमले न करे.

CIA ने रैटक्लिफ के दौरे पर टिप्पणी से किया इनकार

इसकी वजह बताई गई थी कि एक वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी को लेकर विमान रूसी राजधानी जाने वाला है. इस अमेरिकी संदेश की जानकारी रखने वाले एक सूत्र ने इसकी पुष्टि की, जबकि फाइनेंशियल टाइम्स ने सबसे पहले इसकी रिपोर्ट की थी. CIA ने रैटक्लिफ के दौरे पर टिप्पणी करने से इनकार किया है. वहीं, क्रेमलिन ने भी तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं दी.

Advertisement

ईरान ने यूक्रेन जंग में मॉस्को को दिए ड्रोन

इस दौरे का समय भी बेहद अहम है. अमेरिका ईरान पर आर्थिक दबाव बढ़ा रहा है और रूस के ईरान के साथ करीबी रणनीतिक रिश्ते हैं. तेहरान ने यूक्रेन जंग में मॉस्को को ड्रोन मुहैया कराए हैं. वहीं, रूस ने अमेरिका-ईरान संघर्ष का समाधान कराने में मदद की पेशकश की है.

यह भी पढ़ें: पीएम मोदी ने एक साथ कई मोर्चे खोले, चीन, जापान, रूस और अमेरिका भेजे अपने मंत्री

ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या रैटक्लिफ की मॉस्को यात्रा सिर्फ खुफिया बातचीत तक सीमित है या ट्रंप प्रशासन रूस के जरिए ईरान संकट और यूक्रेन जंग को लेकर कोई बड़ा बैकडोर गेम तैयार कर रहा है? फिलहाल इसका जवाब साफ नहीं है, लेकिन मॉस्को में CIA चीफ की मौजूदगी ने दुनिया की नजरें जरूर रूस पर टिका दी हैं.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »