8वें वेतन आयोग के तहत कर्मचारी यूनियन के साथ बैठक जारी है. आयोग उनकी मांगों को जानने की कोशिश कर रहा है और उस आधार पर रिपोर्ट तैयार करने के लिए इनपुट जुटा रहा है. इस बीच, देश के पेंशनर्स ने आयोग के सामने एक बड़ी मांग रखी है.
8वें केंद्रीय वेतन आयोग के तहत लगभग 10 लाख पेंशनरों का प्रतिनिधित्व करने वाले संगठन भारत पेंशनर्स समाज (BPS) ने आयोग के साथ बैठक में मिनिमम पेंशन बढ़ाने, हर 3 महीने में महंगाई राहत संशोधित करने और पुरानी व नई पेंशन के बीच अंतर खत्म करने का प्रस्ताव रखा है.
आयोग और प्रतिनिधि संगठन के बीच यह बैठक 7 अगस्त को आयोजित की गई थी. आइए जानते हैं आयोग के सामने कितनी मांग रखी गई है.
भारत पेंशनर्स समाज ने 8वें वेतन आयोग के सामने न्यूनतम पेंशन को बढ़ाकर ₹45,000 प्रति माह करने का प्रस्ताव रखा है. अभी 7वें वेतन आयोग के तहत न्यूनतम बेसिक पेंशन ₹9,000 प्रति माह है. इसके साथ ही सैलरी की भी मांग रखी गई है.
केंद्र सरकार की ओर से न्यूनतम बेसिक सैलरी ₹69,000 करने का प्रस्ताव रखा है. इसके अलावा, फिटमेंट फैक्टर को बढ़ाकर 3.83 करने की मांग की है. फिटमेंट फैक्टर वह चीज है, जिसके आधार पर सैलरी और पेंशन में इजाफा होता है.
इन सभी चीजों के बीच, भारत पेंशनर्स समाज की ओर से महंगाई भत्ता को हर तीन महीने में बढ़ोतरी की मांग रखी गई है. अभी तक DA और DR को साल में दो बार यानी जनवरी और जुलाई में बढ़ाया जाता था, लेकिन अब इसे साल में 4 बार बढ़ाने की मांग रखी गई है.