'मंदी में है दुनिया... ' रिच डैड पुअर डैड के लेखक रॉबर्ट कियोसाकी ने फिर की डराने वाली बात

रॉबर्ट कियोसाकी ने अपने पोस्‍ट में लिखा, 'क्या दुनिया मंदी में है? मैं कहता हूं 'हां.', कियोसाकी ने कहा कि वह 2012 में रिच डैड्स प्रोफेसी लिखने के बाद से लोगों को चेतावनी देने की कोशिश कर रहे थे.

Advertisement
कियोसाकी ने कहा कि मंदी में है दुनिया कियोसाकी ने कहा कि मंदी में है दुनिया

आजतक बिजनेस डेस्क

  • नई दिल्‍ली ,
  • 26 मार्च 2025,
  • अपडेटेड 7:23 PM IST

रिच डैड पुअर डैड के लेखक रॉबर्ट कियोसाकी (Robert Kiyosaki) ने एक बार फिर बड़ा दावा किया है. उन्‍होंने कहा है कि दुनिया मंदी की चपेट में (Recession in World) है. कियोसाकी ने कहा कि वह 2012 में रिच डैड्स प्रोफेसी लिखने के बाद से लोगों को चेतावनी देने की कोशिश कर रहे थे. बुधवार को ग्‍लोबल आर्थिक मंदी की अपनी पुरानी चेतावनी को दोहराते हुए उन्‍होंने सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म एक्‍स पर यह पोस्‍ट किया. 

Advertisement

उन्‍होंने अपने पोस्‍ट में लिखा, 'क्या दुनिया मंदी में है? मैं कहता हूं 'हां.', कियोसाकी ने कहा कि वह 2012 में रिच डैड्स प्रोफेसी लिखने के बाद से लोगों को चेतावनी देने की कोशिश कर रहे थे. आगे लिखा कि क्या सीखने और बदलाव करने के लिए बहुत देर हो चुकी है? जिसका जवाब देते हुए उन्‍होंने कहा कि नहीं. लेकिन समय आपके पक्ष में और समय हमेशा के लिए एक संपत्ति है. 

उन्होंने "FOMO" - छूट जाने का डर - की तुलना "FOMM" या गलतियां करने के डर से की, जिसके बारे में उनका दावा है कि यह डर स्कूलों में पैदा किया जाता है. उन्होंने लोगों को खुद को शिक्षित करने के लिए YouTube जैसे प्लेटफॉर्म का लाभ उठाने के लिए कहा. साथ ही गुमराह करने के खतरों के बारे में चेतावनी दी. उन्होंने कहा, 'सबसे अच्छी और सबसे खराब शिक्षा मुफ्त है.' 

Advertisement

कियोसाकी ने कहा कि सच्चाई यह है कि दुनिया मंदी में है. सच्चाई यह है कि महंगाई बढ़ रही है और बेरोजगारी भी बढ़ रही है, कियोसाकी ने लोगों से इस पर विचार करने का आग्रह करते हुए कहा कि क्या यह मंदी आपको अमीर बनाएगी या गरीब? यह आपको सेलेक्‍ट करना है.' 

ग्‍लोबल मंदी का बढ़ रहा खतरा!
उन्होंने आगे लिखा, 'अपना ख्याल रखें और इस मंदी को अपने जीवन की सबसे अच्छी घटना बनाएं. आपके पास और सिर्फ आपके पास ही वह शक्ति है.' कियोसाकी का कमेंट मंदी के बारे में बढ़ती ग्‍लोबल टेंशन के बीच आई है. जेपी मॉर्गन के मुख्‍य ग्‍लोबल इकोनॉमिस्‍ट ब्रूस कासमैन ने अमेरिका में मंदी की संभावना को साल की शुरुआत में 30 फीसदी से बढ़ाकर 40 फीसदी कर दिया है. उन्‍होंने चेतावनी दी है कि व्‍यापार नीतियां रिस्‍क को और बढ़ा सकती हैं. 

अमेरिका का जीडीपी अनुमान घटा 
कासमैन ने यह भी कहा कि अगर सरकार का भरोसा कम होता रहा तो अमेरिकी निवेश अपील को लॉन्‍ग टर्म में नुकसान हो सकता है. गोल्डमैन सैक्स और मॉर्गन स्टेनली दोनों ने 2025 के लिए अपने अमेरिकी जीडीपी विकास पूर्वानुमानों को घटा दिया है, तथा 1.5% से 1.7% के बीच के आंकड़े पेश किए हैं. 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »