टीवीएस मोटर के शेयर ने बीते एक साल में करीब 29 फीसदी रिटर्न दिया है. कंपनी के शेयरों का यह प्रदर्शन इसलिए भी खास है, क्योंकि इस अवधि में शेयर बाजार के दोनों प्रमुख सूचकांकों, निफ्टी और सेंसेक्स का प्रदर्शन निगेटिव रहा है. यानी शेयर मार्केट में गिरावट के बावजूद टीवीएस मोटर के शेयरों ने मजबूत प्रदर्शन करके दिखाया है.
शेयर बाजार प्रदर्शन 31 अगस्त को भी कमजोर रहा था, लेकिन टीवीएस मोटर के शेयर ने बढ़त दर्ज की. कंपनी का शेयर 0.41% चढ़कर ₹4,322 पर बंद हुआ. इसके मुकाबले Nifty 0.39% यानी 95 अंक गिरकर 24,080 और Sensex 0.40% यानी 307 अंक टूटकर 76,957 पर बंद हुआ. टीवीएस मोटर में लीडरशिप रोल में अगले साल बड़ा बदलाव होने जा रहा है. बावजूद इसके कंपनी के शेयरों में तेजी बनी हुई है.
पेमन कारगर को टीवीएस मोटर का नया डायरेक्टर और सीईओ नियुक्त किया गया है. वह 27 जनवरी 2027 से यह जिम्मेदारी संभालेंगे. वह मौजूदा सीईओ केएन राधाकृष्णन की जगह लेंगे. जापानी ब्रोकरेज फर्म नोमुरा (Nomura) ने उनकी नियुक्ति के बाद भी टीवीएस मोटर पर अपनी बाय रेटिंग (Buy Rating) बरकरार रखी है. शेयर बाजार में बाय रेटिंग किसी एनालिटिक्स या ब्रोकरेज फर्म की वह सिफारिश होती है, जिसके तहत निवेशकों को किसी विशेष कंपनी का शेयर खरीदने की सलाह दी जाती है
केएन राधाकृष्णन जनवरी 2027 के आखिर तक टीवीएस मोटर में अपनी मौजूदा जिम्मेदारी संभालते रहेंगे. इसके बाद वह जुलाई 2027 में होने वाली वार्षिक आम बैठक (AGM) तक कंपनी के नॉन-एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर बने रहेंगे. इस तरह कंपनी में नेतृत्व परिवर्तन अचानक नहीं होगा, बल्कि चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा. नए सीईओ के आने के साथ बाजार की नजर इस बात पर होगी कि टीवीएस मोटर की रणनीतिक प्राथमिकताओं में कितना बदलाव आता है.
कौन हैं पेमन कारगर?
पेमन कारगर ने अप्रैल 2025 में टीवीएस मोटर के प्रेसिडेंट-इंटरनेशनल बिजनेस के तौर पर कंपनी जॉइन की थी. उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री में तीन दशक से ज्यादा का अनुभव है. पेमन ने यूरोप, एशिया और मिडिल ईस्ट समेत कई प्रमुख मार्केट में काम किया है. टीवीएस मोटर से पहले वह जापानी कार निर्माता निसान मोटर कंपनी के लक्जरी व्हीकल डिवीजन 'इन्फिनिटी' (Infiniti) के ग्लोबल चेयरमैन और प्रेसिडेंट रह चुके हैं.
राधाकृष्णन के नेतृत्व में टीवीएस मोटर ने गाड़े झंडे
केएन राधाकृष्णन ने 2004 में टीवीएस मोटर के साथ अपना सफर शुरू किया था. 2008 में वह कंपनी के प्रेसिडेंट बने और 2018 में डायरेक्टर और सीईओ की जिम्मेदारी संभाली. उनके कार्यकाल में कंपनी ने रेवेन्यू और मुनाफे के मामले में मजबूत ग्रोथ दर्ज की. टीवीएस मोटर का रेवेन्यू कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (Revenue CAGR) करीब 16 फीसदी रहा, जबकि टैक्स के बाद मुनाफे का कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट करीब 30 फीसदी दर्ज किया गया. कंपनी के मार्केट कैपिटलाइजेशन में भी इस दौरान बड़ा इजाफा हुआ. वित्त वर्ष 2008 में टीवीएस मोटर का मार्केट कैप करीब ₹8.3 अरब था, जो अगस्त, 2026 तक बढ़कर लगभग ₹2.10 लाख करोड़ हो गया.
स्कूटर से इलेक्ट्रिक और प्रीमियम सेगमेंट तक फोकस
टीवीएस मोटर स्कूटर, मोटरसाइकिल और थ्री-व्हीलर्स बनाती है. कंपनी इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स और थ्री-व्हीलर्स के कारोबार में भी मौजूद है. अब नए सीईओ के सामने कंपनी की मौजूदा ग्रोथ को आगे बढ़ाने के साथ अंतरराष्ट्रीय और प्रीमियम सेगमेंट में अपनी स्थिति मजबूत करने की चुनौती होगी. ब्रोकरेज फर्म नोमुरा का मानना है कि नए नेतृत्व के तहत प्रीमियम और ग्लोबल सेगमेंट कंपनी की रणनीति में ज्यादा अहम भूमिका निभा सकते हैं. पेमन कारगर के पास लग्जरी और ग्लोबल ऑटोमोबाइल ब्रांड्स में काम करने का अनुभव है. ऐसे में बाजार यह देखना चाहेगा कि वह अपने इस अनुभव का इस्तेमाल टीवीएस मोटर के प्रीमियम पोर्टफोलियो और इंटरनेशनल बिजनेस को बढ़ाने में किस तरह करते हैं.
आजतक बिजनेस डेस्क