रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) की टेलीकॉम और डिजिटल यूनिट जियो प्लेटफॉर्म्स (Jio Platforms) के बहुप्रतीक्षित IPO को लेकर हलचल तेज हो गई है. कंपनी ने IPO की दिशा में एक अहम पड़ाव पार कर लिया है और अब संभावित निवेशकों तक पहुंच बनाने की तैयारी शुरू होने की खबर है. ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका, सिंगापुर, हांगकांग, लंदन और मिडिल ईस्ट में होने वाली मीटिंग्स के जरिए जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO के लिए औपचारिक इन्वेस्टर आउटरीच शुरू हो सकती है.
जियो प्लेटफॉर्म्स ने 19 जून 2026 को सेबी के पास IPO के लिए ड्राफ्ट पेपर्स दाखिल किए थे और 28 अगस्त को इसे मंजूरी मिल गई थी. प्रपोज्ड इश्यू में 27 करोड़ तक नए शेयर जारी किए जाने की बात है. यह कंपनी की इक्विटी के करीब 2.9% के डायल्यूशन के बराबर होगा. अगर प्लान के मुताबिक सब हुआ तो नवंबर में जियो प्लेटफॉर्म्स का IPO आ सकता है. यह भारत के सबसे बहुप्रतीक्षित IPO में से एक है.
ग्लोबल इन्वेस्टर्स से मुलाकात की तैयारी
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, जियो प्लेटफॉर्म्स की टीम अमेरिका, सिंगापुर, हांगकांग, लंदन और मिडिल ईस्ट में संभावित निवेशकों के साथ मीटिंग कर सकती है. इन बैठकों का मकसद IPO से पहले ग्लोबल इन्वेस्टर्स को कंपनी की ग्रोथ, कारोबार और संभावित ऑफर के बारे में जानकारी देना होगा.
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हालांकि, IPO की पूरी तस्वीर अभी साफ नहीं हुई है. रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी और उसके सलाहकारों के बीच चर्चा जारी है और ऑफर का साइज, वैल्यूएशन और टाइमिंग आगे बदल सकते हैं. इसलिए अभी यह तय नहीं माना जा सकता कि IPO किस आकार और किस वैल्यूएशन पर आएगा.
Reliance भी जुटाएगी ₹12,500 करोड़
जियो IPO की तैयारियों के बीच पैरेंट कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के शेयर भी फोकस में हैं. ब्लूमबर्ग की एक अलग रिपोर्ट के मुताबिक, रिलायंस अगले हफ्ते की शुरुआत में लोकल करेंसी बॉन्ड्स के जरिए ₹12,500 करोड़ तक जुटाने की तैयारी कर रही है. रिपोर्ट के मुताबिक, बॉन्ड इश्यू का बेस साइज ₹10,000 करोड़ होगा, जबकि ग्रीनशू ऑप्शन के जरिए अतिरिक्त ₹2,500 करोड़ जुटाए जा सकते हैं.
ये पांच साल में मैच्योर होने वाले नोट्स होंगे और इन पर करीब 7.47% का कूपन रहने की बात कही गई है. इस इश्यू के लिए एक्सिस बैंक और आईसीआईसीआई बैंक के साथ एचडीएफसी बैंक और यस बैंक के भी अरेंजर के तौर पर शामिल होने की बात कही गई है. ब्लूमबर्ग के संकलित आंकड़ों के मुताबिक, नवंबर 2023 के बाद यह रिलायंस इंडस्ट्रीज की पहली ऐसी पेशकश होगी.
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जियो के IPO पर अभी तीन बड़े सवाल
जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO को लेकर फिलहाल तीन चीजों पर सबसे ज्यादा नजर रहेगी- इश्यू का साइज, कंपनी का वैल्यूएशन और लिस्टिंग की टाइमिंग. सेबी की मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन इन तीनों पर अंतिम फैसला अभी होना बाकी है. ग्लोबल इन्वेस्टर मीटिंग्स शुरू होने की खबर को IPO प्रक्रिया में अगला अहम कदम माना जा रहा है.
इन बैठकों से निवेशकों की दिलचस्पी और संभावित वैल्यूएशन को लेकर कंपनी को संकेत मिल सकते हैं. जियो प्लेटफॉर्म्स का IPO रिलायंस इंडस्ट्रीज के लिए भी बड़ा डेवलपमेंट होगा, क्योंकि इससे उसके डिजिटल और टेलीकॉम कारोबार की वैल्यू अनलॉक करने का रास्ता खुल सकता है. ऐसे में आने वाले दिनों में जियो की IPO तैयारियों के साथ-साथ रिलायंस के फंड जुटाने के कदम पर भी बाजार की नजर रहेगी.
आजतक बिजनेस डेस्क