इज़रायल में वोटों की गिनती तो पूरी हो गई है, लेकिन बेंजामिन नेतन्याहू अब किसी और ही गिनती में लगे हैं. अंतिम नतीजे सामने आने से पहले ही उनकी लिकुड पार्टी ने अरब नेतृत्व वाली पार्टियों पर विदेशी मदद से चुनाव चुराने का आरोप लगा दिया. शुरुआत में किसी देश का नाम नहीं लिया गया, लेकिन जल्द ही निशाने पर कतर और तुर्किये आ गए. आरोप क्या हैं? बैलट लिफाफों में नकद कैश ठूंसना, वोटरों को डराना-धमकाना और इज़रायल की संसद पर कब्जा करने की विदेशी साजिश! आरोप बहुत संगीन हैं, लेकिन एक छोटी सी समस्या है- आरोप सबूत नहीं होते. देखें कूटनीति.