वेनेजुएला में राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को देश से हटाए जाने के बाद अमेरिका की रणनीति को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं. वेनेजुएला और ईरान में अमेरिका के पूर्व विशेष दूत रहे इलियट अब्राम्स का कहना है कि अमेरिका के लिए सबसे खराब कदम यह होगा कि वह मादुरो शासन को बिना मादुरो के ही सत्ता चलाने दे. उन्होंने विपक्षी नेता एडमुनदो गोंजालेज उरुतिया या नोबेल विजेता मारिया कोरिना माचाडो को राष्ट्रपति बनाने की वकालत की.
सीएनएन से बातचीत में इलियट अब्राम्स ने साफ शब्दों में कहा कि मादुरो शासन के बचे हुए हिस्सों के साथ किसी भी तरह का समझौता करना बेहद खतरनाक होगा. उन्होंने आशंका जताई कि अमेरिका ऐसा सौदा कर सकता है, जिसमें तेल नीति में बदलाव के बदले मौजूदा सत्ता संरचना को बनाए रखा जाए.
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हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि ऐसी स्थिति में भी वेनेजुएला पर शासन अमेरिका नहीं, बल्कि मादुरो शासन का अवशेष ही करेगा. अब्राम्स के मुताबिक, अमेरिका वेनेजुएला को चला नहीं सकता, भले ही राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ऐसा दावा किया हो.
मादुरो की करीबी बनी कार्यवाहक राष्ट्रपति
मादुरो की गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला की उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रीगेज ने कार्यवाहक राष्ट्रपति के तौर पर सत्ता संभाली हैं. रोड्रीगेज मादुरो की करीबी मानी जाती हैं. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उनका प्रशासन आगे की रणनीति तय करने के लिए रोड्रीगेज के साथ समन्वय कर रहा है. इसी पॉइंट पर अब्राम्स ने सबसे ज्यादा आपत्ति जताई और चेतावनी दी कि इससे सत्ता परिवर्तन की मूल भावना कमजोर पड़ सकती है.
अमेरिकी दूत ने क्या सलाह दी?
अब्राम्स का मानना है कि अमेरिका को वेनेजुएला के लोकतांत्रिक विपक्ष का खुलकर समर्थन करना चाहिए. विपक्ष का दावा है कि 2024 के राष्ट्रपति चुनाव में बड़े पैमाने पर धांधली हुई और असली विजेता पूर्व राजदूत एडमुनदो गोंजालेज उरुतिया हैं. अब्राम्स ने कहा कि जो व्यक्ति चुनाव जीता है, वही राष्ट्रपति होना चाहिए.
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एडमुनदो गोंजालेज या मारिया कोरिना माचाडो के नाम की वकालत
अमेरिका के पूर्व दूत ने अमेरिका से अपील की कि वह एडमुनदो गोंजालेज और विपक्षी नेता मारिया कोरिना माचाडो का समर्थन करे. हालांकि राष्ट्रपति ट्रंप ने अब तक माचाडो को लेकर भरोसा नहीं जताया है और उन्हें अंतरिम नेता के रूप में स्वीकार करने की संभावना को खारिज किया है. इस बीच, वेनेजुएला का भविष्य इस बात पर टिका है कि अमेरिका लोकतांत्रिक बदलाव को प्राथमिकता देता है या सत्ता के मौजूदा ढांचे के साथ समझौता करता है.