अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लंबे समय से टेलीप्रॉम्प्टर ऑपरेटर रहे गेब्रियल पेरेज अब विवादों में घिर गए हैं. आरोप है कि उन्होंने राष्ट्रपति ट्रंप के कई भाषणों की अंदरूनी जानकारी का इस्तेमाल करते हुए ऑनलाइन प्रेडिक्शन मार्केट पर जुआ खेला और इससे एक लाख डॉलर से ज्यादा की कमाई की.
इसका सीधा मतलब यह है कि राष्ट्रपति ट्रंप टेलीप्रॉम्प्टर मशीन में देखकर जो भाषण पढ़ते हैं, वो मशीन इनके द्वारा चलाई जाती थी. इसके कारण गेब्रियल पेरेज को पता होता था कि राष्ट्रपति ट्रंप आज क्या कहने वाले हैं. इसी चीज का फायदा उठाकर उन्होंने ऑनलाइन प्रेडिक्शन मार्केट में जुआ खेला और ये दांव लगाया कि आज राष्ट्रपति ट्रंप क्या कहेंगे और इस जुए के सहारे उन्होंने भारतीय रुपयों में लगभग 1 करोड़ कमाए.
जांच में यह भी सामने आया कि जब ट्रंप भाषण के दौरान तैयार स्क्रिप्ट से हटकर बोलते थे या कुछ हिस्से छोड़ देते थे, तब पेरेज अपने दांव वापस ले लेता था या उनमें बदलाव कर देता था. इन कथित दांवों में स्टेट ऑफ द यूनियन संबोधन, दावोस में वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम का भाषण, मेडल ऑफ ऑनर समारोह और अन्य सार्वजनिक कार्यक्रम शामिल बताए गए हैं. इन आरोपों के बाद गेब्रियल को बिना वेतन के छुट्टियों पर भेज दिया गया है.
इन आरोपों पर व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलाइन लेविट ने कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप को पूरे मामले की जानकारी दे दी गई है और उनके निर्देश पर ही पेरेज को बिना वेतन के छुट्टी पर भेजा गया है. उन्होंने कहा, 'व्हाइट हाउस में नैतिक आचरण को लेकर बेहद सख्त नियम हैं. ये आरोप दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक हैं.'
रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन (CFTC) इस मामले की जांच कर रहा है. पेरेज और नियामक एजेंसी के बीच संभावित सिविल समझौते पर भी बातचीत चल रही है. इसके तहत उन्हें कथित अवैध कमाई लौटानी पड़ सकती है और भविष्य में इस तरह की ट्रेडिंग से दूर रहने की शर्त लगाई जा सकती है.