इजरायली डिफेंस फोर्सेस (IDF) ने ईरान की राजधानी तेहरान और उसके आसपास के इलाकों में भीषण हवाई हमले कर ईरानी सैन्य ढांचे को भारी नुकसान पहुंचाने का दावा किया है. इजरायली वायुसेना ने दावा किया है कि इस हमले में ईरान का मुख्य 'स्पेस रिसर्च सेंटर' और एयर डिफेंस सिस्टम बनाने वाली एक बड़ी फैक्ट्री पूरी तरह तबाह हो गई है.
IDF के अनुसार, इस 'हवाई हमलों की लहर' में तेहरान में स्थित "ईरानी शासन के दर्जनों बुनियादी ढांचों" को निशाना बनाया गया. सबसे महत्वपूर्ण निशाना वह स्पेस रिसर्च सेंटर था, जिसमें ऐसी रणनीतिक प्रयोगशालाएं थीं जो डिफेंस सैटेलाइट के विकास के लिए इस्तेमाल की जा रही थीं. इन सैटेलाइट्स का उपयोग पूरे मध्य पूर्व में निगरानी और हमलों के लिए दिशा-निर्देश देने में किया जाना था.
इसके अतिरिक्त, इजरायल ने ईरान के हवाई रक्षा तंत्र (Air Defense Array) को बनाने वाली एक प्रमुख फैक्ट्री को भी ध्वस्त कर दिया है. IDF का कहना है कि इस हमले से ईरान की अपने हवाई रक्षा नेटवर्क को फिर से खड़ा करने और उसे सुदृढ़ करने की क्षमता को काफी हद तक कमजोर कर दिया गया है. यह हमला ईरान के उस 'सुरक्षा कवच' पर सीधा वार है जो उसे हवाई खतरों से बचाता था.
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आपको बता दें कि मिडिल ईस्ट जंग का आज 16वां दिन है. 28 फरवरी को, इज़राइल और संयुक्त राज्य अमेरिका ने तेहरान और ईरान के कई अन्य शहरों पर ताबड़तोड़ हमले किए थे जिसमें ईरान के तत्कालीन सुप्रीम लीडर अली खामेनेई के साथ-साथ वरिष्ठ सैन्य कमांडर और आम नागरिक भी मारे गए थे. इसके जवाब में, ईरान ने मध्य पूर्व में इजरायल और अमेरिका के ठिकानों तथा संपत्तियों को निशाना बनाते हुए मिसाइल और ड्रोन हमलों की झड़ी लगा दी थी.