पश्चिम बंगाल की राजनीति में तृणमूल कांग्रेस और बागी नेताओं के बीच चल रही खींचतान कम होने का नाम नहीं ले रही है. पार्टी की बागी सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने सीनियर टीएमसी लीडर महुआ मोइत्रा के बयान पर तीखा पलटवार किया है.
काकोली घोष ने कहा कि बंगाल की जनता टीएमसी की राजनीति और उनके नैरेटिव को नकार चुकी है.
काकोली घोष ने महुआ मोइत्रा के उस बयान पर पलटवार किया है, जिसमें उन्होंने बागी सांसदों के सियासी भविष्य पर सवाल उठाए थे.
'जनता आपकी अराजकता के खिलाफ...'
तृणमूल कांग्रेस की बागी सांसद काकोली घोष ने कहा, "यह सिर्फ आपकी मनगढ़ंत सोच है. आप अजीब और हकीकत से दूर वाली सोच में जी रही हैं. बंगाल की जनता ने आपको हरा दिया है और उनका जनादेश साफ तौर पर आपकी अराजकता के खिलाफ है. कोई भी आपको या आपकी बातों को स्वीकार नहीं कर रहा है."
महुआ मोइत्रा ने क्या कहा था?
टीएमसी सांसद महुआ मोइत्र ने मीडिया से बात करते हुए बागी सांसदों पर तंज कसा था. इसके साथ ही उन्होंने इशारा किया था कि बीजेपी अपना टारगेट पूरा करने के बाद इन लोगों को बाहर फेंक देगी.
महुआ मोइत्रा ने कहा था, "बीजेपी ने इन लोगों को डीलिमिटेशन बिल पास करने के लिए लिया है. बीजेपी यह बिल पास करने के लिए बहुत उतावली हुई है. डीलिमिटेशन बिल पास हो जाने के बाद इन सांसदों को जैसे लिया गया है, वैसे ही फेंक दिया जाएगा. उसके बाद न ये हमारे टिकट पर कभी जीत सकेंगे और न बीजेपी उनको कभी टिकट देगी. उनके राजनीतिक करियर खत्म हो चुका है."
महुआ मोइत्रा के इस बयान के बाद काकोली घोष की प्रतिक्रिया ने साफ कर दिया है कि टीएमसी के बागी नेताओं और पार्टी नेतृत्व के बीच सियासी टकराव अभी थमने वाला नहीं है.