पश्चिम बंगाल के पूर्व बर्दवान जिले में मंगलवार दोपहर एक सनसनीखेज हत्या की घटना सामने आई, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया. बर्दवान शहर के बादामतला इलाके में स्थित एक निजी क्लिनिक के अंदर एक डॉक्टर की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई. हैरानी की बात यह रही कि हत्या के बाद आरोपी खुद बर्दवान पुलिस स्टेशन पहुंचा और अपराध की जिम्मेदारी लेते हुए आत्मसमर्पण कर दिया.
मर्डर के बाद अचानक बर्दवान थाने पहुंचा
पुलिस सूत्रों के मुताबिक गिरफ्तार आरोपी की पहचान 28 साल के जीवन रुइदास के रूप में हुई है, जो पूर्व बर्दवान जिले के शक्तिगढ़ थाना क्षेत्र के अमड़ा इलाके का रहने वाला है. मंगलवार दोपहर जीवन अचानक बर्दवान थाने पहुंचा और पुलिस को बताया कि उसने एक डॉक्टर की हत्या कर दी है. आरोपी की यह बात सुनकर पुलिस अधिकारी हैरान रह गए. मामले की सच्चाई जानने के लिए पुलिस तुरंत आरोपी को साथ लेकर बताए गए पते पर पहुंची.
डॉक्टर का खून से लथपथ शव
घटनास्थल बर्दवान शहर के बाबूरबाग कालीताला इलाके में स्थित एक क्लिनिक था, जहां पेशे से झोलाछाप ऑर्थोपेडिक डॉक्टर राजा भौमिक मरीज देखते थे. पुलिस के पहुंचने पर क्लिनिक के अंदर डॉक्टर राजा भौमिक का खून से लथपथ शव मिला. इसके बाद इलाके में खबर फैलते ही लोगों की भीड़ जुट गई और पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया.
बताया गया है कि डॉ. राजा भौमिक रोज की तरह मंगलवार सुबह भी समय पर क्लिनिक पहुंचे थे और मरीज देख रहे थे. आरोपी जीवन रुइदास भी क्लिनिक में पहुंचा और मौका पाकर डॉक्टर पर धारदार हथियार से हमला कर दिया, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई.
'दादी के इलाज में की गड़बड़ी'
पुलिस पूछताछ में जीवन रुइदास ने बताया कि उसकी दादी का इलाज लंबे समय से इसी डॉक्टर से चल रहा था. करीब एक माह पहले उसकी दादी की मौत हो गई थी. जीवन का आरोप है कि गलत इलाज की वजह से उसकी दादी की जान गई. इसी बात से नाराज होकर उसने बदले की नीयत से डॉक्टर की हत्या कर दी.
हत्या के बाद जीवन सीधे पुलिस स्टेशन पहुंचा और खुद को पुलिस के हवाले कर दिया. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और हत्या में इस्तेमाल हथियार की बरामदगी की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है.
फिलहाल पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है. यह भी पता लगाया जा रहा है कि हत्या के पीछे केवल इलाज से जुड़ी नाराजगी थी या फिर इसके पीछे कोई और कारण या व्यक्ति भी शामिल है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आगे की जांच के बाद ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आ सकेगी.