पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी का नाम अमेठी की जिला पंचायत मतदाता सूची में शामिल नहीं होने के मामले में गौरीगंज की उपजिलाधिकारी (SDM) प्रीति तिवारी ने प्रशासनिक सफाई दी है. अमेठी जनपद के गौरीगंज विधानसभा क्षेत्र के मेदन मवई गांव में घर होने के कारण वह विधानसभा और लोकसभा सूची में पंजीकृत मतदाता हैं. 10 जून को प्रकाशित हुई पंचायत मतदाता सूची में उनका नाम नहीं मिलने पर चर्चाएं शुरू हो गईं.
दरअसल, वर्ष 2026 की इस नई पंचायत मतदाता सूची के पुनरीक्षण अभियान के दौरान उनकी तरफ से नाम जोड़ने के लिए कोई आवेदन नहीं किया गया था, जिसके चलते सूची में उनका नाम नहीं आया. इस बीच खबर है कि आज ग्राम प्रधान बबीता मिश्रा ने उनका नाम जोड़ने के लिए आवेदन कर दिया है.
नाम कटने का सवाल ही नहीं उठता: एसडीएम
गौरीगंज की उपजिलाधिकारी प्रीति तिवारी ने मामले को स्पष्ट करते हुए कहा कि पिछले पंचवर्षीय पंचायत चुनाव (2021) के दौरान स्मृति ईरानी गौरीगंज की पंचायत वोटर नहीं थीं. वह साल 2024 के लोकसभा चुनाव से ठीक पहले अमेठी की वोटर बनी थीं.
एसडीएम ने साफ किया कि जब सूची में पहले से नाम था ही नहीं, तो नाम कटने का सवाल ही नहीं उठता. उन्होंने बताया कि इस बार नाम बढ़ाने के अभियान के समय कोई आवेदन नहीं आया था. अब यदि इसके लिए आवेदन किया जाता है, तो नियम के तहत नाम बढ़ा दिया जाएगा.
अब किया गया आवेदन, जल्द जुड़ेगा नाम
स्मृति ईरानी ने 2019 से 2024 तक अमेठी का प्रतिनिधित्व किया था और मेदन मवई गांव में अपना आवास बनाया है. 2024 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के किशोरी लाल शर्मा से पराजित होने के बाद भी वह यहां की पंजीकृत वोटर हैं. फिलहाल, स्मृति ईरानी का नाम पंचायत मतदाता सूची में शामिल करने के लिए आवेदन जमा कर दिया गया है. वरिष्ठ अधिकारियों को मामले की जानकारी दे दी गई है और उन्होंने उचित सत्यापन के बाद नाम जोड़ने का आश्वासन दिया है.