कानपुर की मूक-बधिर किशोरी खुशी गुप्ता के जीवन में एक नई शुरुआत हुई है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलने के लिए 90 किलोमीटर पैदल चलकर चर्चा में आई खुशी का कॉक्लियर इम्प्लांट ऑपरेशन सफलतापूर्वक किया गया है. सर्जरी के बाद खुशी की सुनने की क्षमता में स्पष्ट सुधार देखा गया है और वह अब आवाजों पर प्रतिक्रिया देने लगी है. ऑपरेशन के बाद खुशी के पहले शब्द रहे योगी थैंक यू.
यह सर्जरी कानपुर स्थित मेहरोत्रा ईएनटी क्लीनिक में की गई. डॉक्टरों के अनुसार, ऑपरेशन आयुष्मान भारत योजना और मेहरोत्रा ईएनटी फाउंडेशन के सहयोग से किया गया. फिलहाल खुशी की हालत स्थिर है. डॉक्टरों ने बताया कि आने वाले समय में नियमित स्पीच थेरेपी और विशेष प्रशिक्षण से उसकी बोलने और समझने की क्षमता में और बेहतर सुधार होने की उम्मीद है.
कॉक्लियर इम्प्लांट ऑपरेशन सफल
खुशी गुप्ता नवंबर 2025 के अंतिम सप्ताह में उस समय सुर्खियों में आई थी, जब वह कानपुर से लखनऊ तक लगभग 90 किलोमीटर का सफर पैदल तय कर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलने पहुंची थी. 22 नवंबर 2025 को वह मुख्यमंत्री आवास के बाहर नजर आई थी. इसके बाद 26 नवंबर को मुख्यमंत्री योगी से उसकी मुलाकात हुई थी.
मुख्यमंत्री से मुलाकात के दौरान खुशी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की खुद बनाई पेंटिंग और स्केच उन्हें भेंट किए थे. मुख्यमंत्री योगी ने खुशी की स्थिति को देखते हुए उसके इलाज की जिम्मेदारी लेने का भरोसा दिलाया था. इसके साथ ही उन्होंने खुशी को विशेष शिक्षा के लिए मूक-बधिर कॉलेज या डेफ स्कूल में दाखिला दिलाने, स्किल डेवलपमेंट के लिए टैबलेट या मोबाइल उपलब्ध कराने और परिवार के लिए आवास की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया था.
सुनने की क्षमता में दिखा साफ सुधार
मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद खुशी के इलाज की प्रक्रिया शुरू की गई. अब कॉक्लियर इम्प्लांट ऑपरेशन के सफल होने के बाद परिवार में खुशी का माहौल है. खुशी के परिजनों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और इलाज करने वाले डॉक्टरों का आभार जताया है. परिवार का कहना है कि सरकार और डॉक्टरों के सहयोग से उनकी बेटी के जीवन में नई उम्मीद जगी है और अब वह सामान्य जीवन की ओर बढ़ रही है. डॉक्टरों का कहना है कि यह इलाज खुशी के लिए एक लंबी यात्रा की शुरुआत है. नियमित थेरेपी और देखभाल से आने वाले समय में उसके जीवन में और सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेंगे.