scorecardresearch
 

बेटी की शादी के लिए नहीं मिल रही थी छुट्टी, UP में परेशान BLO ने दी जान

फतेहपुर में एक बीएलओ ने सुसाइड कर लिया. क्योंकि उसे बेटी की शादी की तैयारी के लिए छुट्टी नहीं मिल रही थी. मृतक बीएलओ की पहचान 50 वर्षीय अखिलेश सविता के रूप में हुई है.

Advertisement
X
फतेहपुर में बीएलओ ने किया सुसाइड. (Photo: Representational )
फतेहपुर में बीएलओ ने किया सुसाइड. (Photo: Representational )

उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में एक बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) ने सुसाइड कर लिया. बताया जाता है कि बेटी की शादी के लिए छुट्टी न मिलने से परेशान होकर बीएलओ ने ऐसा कदम उठाया. एक एजेंसी के मुताबिक स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन ड्यूटी पर तैनात 50 साल के बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) ने फतेहपुर जिले के एक सरकारी प्राइमरी स्कूल में सुसाइड कर लिया. 

स्कूल में फंदे से लटका मिला शव

अधिकारी ने बताया कि अखिलेश सविता का शव शनिवार शाम को अलियाबाद गांव के एक प्राइमरी स्कूल में लटका हुआ मिला. पुलिस ने कहा कि मौके से मिले एक सुसाइड नोट से पता चला है कि स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) एक्सरसाइज से जुड़ी BLO ड्यूटी के कारण वह बहुत तनाव में था और बार-बार रिक्वेस्ट करने के बाद भी उसे छुट्टी नहीं मिल पा रही थी.

यह भी पढ़ें: UP: पिता ने बेटी के साथ ट्रेन से कटकर दे दी जान, सुसाइड नोट ने खोले कई दर्दनाक राज

सुसाइड नोट में सविता ने कथित तौर पर लिखा था कि वह "काम से थक गया था". ऐसे में वह यह कदम उठा रहा है. क्योंकि 8 मार्च को होने वाली उसकी बेटी की शादी की तैयारियां लगातार ऑफिशियल कामों के कारण अधूरी रह गईं. जानकारी मिलने पर परिवार के सदस्य स्कूल पहुंचे और उसे नीचे उतारा, फिर बिंदकी के कम्युनिटी हेल्थ सेंटर ले गए. जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

Advertisement

इस घटना के बाद हॉस्पिटल में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया. रिश्तेदारों और गांववालों ने एडमिनिस्ट्रेशन पर छुट्टी के लिए बार-बार की गई रिक्वेस्ट को नज़रअंदाज़ करने का आरोप लगाया. साथ ही अधिकारियों के खिलाफ नारे भी लगाए. जब अधिकारियों ने बॉडी को अपने कब्जे में लेने की कोशिश की तो टेंशन बढ़ गया, जिसके बाद गुस्साए परिवार वाले उसे हॉस्पिटल से निकालकर गांव ले गए.

परिवार का आरोप, शादी के लिए नहीं दी जा रही थी छुट्टी

बाद में पुलिस अधिकारियों ने परिवार को शांत किया और बॉडी को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया. जिसके बाद सर्किल ऑफिसर गौरव शर्मा और तहसीलदार समेत सीनियर पुलिस और एडमिनिस्ट्रेटिव अधिकारी हालात संभालने के लिए हॉस्पिटल पहुंचे. गांववालों ने सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट (SDM) की मौजूदगी की भी मांग की. उनका आरोप था कि ड्यूटी से राहत के लिए सविता की अपील अनसुनी कर दी गई.

सविता के परिवार में उनकी पत्नी मंजू देवी, बेटी दिव्यांशी (20), जिसकी शादी अगले हफ्ते तय थी, और बेटा दिव्यांश है. परिवारवालों ने आरोप लगाया कि वह कई हफ्तों से छुट्टी मांग रहे थे, लेकिन उन्हें चुनाव से जुड़े काम जारी रखने के लिए मजबूर किया गया.

पत्नी ने क्या कहा?

उनके भाई, भूपेश कुमार ने दावा किया कि BLO ड्यूटी से कुछ समय के लिए राहत के लिए अधिकारियों से बार-बार रिप्रेजेंटेशन दी गई. लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई. सविता की पत्नी ने भी सुसाइड की वजह SIR एक्सरसाइज के तहत बढ़ते काम का बोझ और बेटी की शादी से पहले छुट्टी न मिलना बताया. एडिशनल डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट अविनाश त्रिपाठी ने कहा कि सुसाइड नोट की जांच की जा रही है और आगे की जांच जारी है. 

Advertisement

नोट:- (अगर आपके या आपके किसी परिचित के मन में आता है खुदकुशी का ख्याल तो ये बेहद गंभीर मेडिकल एमरजेंसी है. तुरंत भारत सरकार की जीवनसाथी हेल्पलाइन 18002333330 पर संपर्क करें. आप टेलिमानस हेल्पलाइन नंबर 1800914416 पर भी कॉल कर सकते हैं. यहां आपकी पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी और विशेषज्ञ आपको इस स्थिति से उबरने के लिए जरूरी परामर्श देंगे. याद रखिए जान है तो जहान है.)

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement