सीमा कुमारी (Seema Kumari) भारतीय लंबी दूरी की धाविका हैं. नागोया एशियन गेम्स 2026 में सीमा ने विमेंस 10,000 मीटर में ब्रॉन्ज मेडल जीता. उनका जन्म 10 जनवरी 2001 को हुआ था. उन्होंने कम उम्र में ही एथलेटिक्स में अपनी पहचान बनानी शुरू कर दी थी. सीमा ने अलग अलग अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओ में भारत का प्रतिनिधित्व किया है और 3000 मीटर, 5000 मीटर, 10,000 मीटर तथा क्रॉस कंट्री दौड़ में हिस्सा लिया है.
सीमा को पहली अंतरराष्ट्रीय सफलता 2017 में मिली. बैंकॉक में आयोजित एशियाई अंडर-18 चैंपियनशिप में उन्होंने 3000 मीटर दौड़ में कांस्य पदक जीता. उन्होंने यह दौड़ 10 मिनट 05.27 सेकेंड में पूरी की थी. इसी साल उन्होंने नासाउ में हुए राष्ट्रमंडल युवा खेलो में भी हिस्सा लिया और 3000 मीटर स्पर्धा में नौवा स्थान हासिल किया.
2018 में सीमा ने जापान के गिफू में आयोजित एशियाई जूनियर चैंपियनशिप में 3000 मीटर दौड़ में हिस्सा लिया. इस प्रतियोगिता में वह पांचवे स्थान पर रही. इसके बाद उन्होंने ब्यूनस आयर्स में आयोजित युवा ओलंपिक खेलो में भाग लिया और 13वा स्थान प्राप्त किया.
क्रॉस कंट्री दौड़ में भी सीमा ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिस्सा लिया है. 2024 में बेलग्रेड में आयोजित विश्व क्रॉस कंट्री चैंपियनशिप में उन्होंने व्यक्तिगत स्पर्धा में 34वा स्थान हासिल किया. अक्टूबर 2024 में हांगकांग में आयोजित एशियाई क्रॉस कंट्री चैंपियनशिप में उन्होंने स्वर्ण पदक जीता. उन्होंने यह दौड़ 37 मिनट 20 सेकेंड में पूरी की.
2025 में सीमा ने दक्षिण कोरिया के गुमी में आयोजित एशियाई चैंपियनशिप में 10,000 मीटर दौड़ में हिस्सा लिया. वह इस स्पर्धा में छठे स्थान पर रही और उनका समय 33 मिनट 08.23 सेकेंड रहा. इसी साल उन्होंने विश्व विश्वविद्यालय खेलो में 5000 मीटर स्पर्धा में रजत पदक जीता. उन्होंने 15 मिनट 35.86 सेकेंड का सत्र का सर्वश्रेष्ठ समय दर्ज किया.
2025 दिल्ली हाफ मैराथन में सीमा ने महिलाओं की एलीट दौड़ में हिस्सा लिया और भारतीय धाविकाओ में सबसे आगे रहने वाली धाविका रही. उनके करियर में एशियाई क्रॉस कंट्री चैंपियनशिप का स्वर्ण और विश्व विश्वविद्यालय खेलो का रजत प्रमुख उपलब्धियो में शामिल हैं.
हिमाचल प्रदेश की धाविका सीमा ने एशियन गेम्स में महिलाओं की 10,000 मीटर दौड़ में कांस्य पदक जीतकर इतिहास रच दिया. सीमा ने अपनी 78 वर्षीय मां को जापान जाने की खबर तक नहीं दी थी.