पुनुगुलु (Punugulu) दक्षिण भारत का एक लोकप्रिय स्नैक है, जो स्वाद में लाजवाब होने के साथ बनाने में भी काफी आसान होते हैं. यह खासतौर पर आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के इलाकों में पसंद किया जाता है. इसे आमतौर पर शाम के नाश्ते या चाय के साथ खाया जाता है.
पुनुगुलु को बनाने के लिए मुख्य रूप से चावल और उड़द दाल के बैटर का इस्तेमाल किया जाता है. कई घरों में इसे इडली या डोसा के बचे हुए बैटर से भी बनाया जाता है. बैटर में नमक, हरी मिर्च, प्याज, अदरक, करी पत्ता और धनिया जैसी चीजें मिलाई जा सकती हैं. इसके बाद छोटे-छोटे हिस्से तैयार करके उन्हें गर्म तेल में सुनहरा और कुरकुरा होने तक तला जाता है.
पुनुगुलु की सबसे खास बात इसकी बनावट है. बाहर से यह हल्का कुरकुरा होता है, जबकि अंदर से नरम और स्पंजी रहता है. गर्मागर्म पुनुगुलु का स्वाद चटनी के साथ और भी अच्छा लगता है. इसे अक्सर नारियल की चटनी, मूंगफली की चटनी या टमाटर की चटनी के साथ परोसा जाता है. कुछ जगहों पर इसे सांभर के साथ भी खाया जाता है.
इस स्नैक को बनाने का तरीका बहुत मुश्किल नहीं है. अगर घर में पहले से डोसा या इडली का बैटर रखा है, तो उससे आसानी से पुनुगुलु तैयार किया जा सकता है. यही वजह है कि यह घरों में बचा हुआ बैटर इस्तेमाल करने का एक अच्छा तरीका भी माना जाता है.
पुनुगुलु सिर्फ दक्षिण भारत तक सीमित नहीं है. आज अलग-अलग शहरों में दक्षिण भारतीय रेस्टोरेंट और स्ट्रीट फूड की दुकानों पर भी यह देखने को मिलता है. छोटे आकार और कुरकुरे स्वाद की वजह से यह बच्चों से लेकर बड़ों तक को पसंद आ सकता है.
अगर आप इडली और डोसा जैसे पारंपरिक दक्षिण भारतीय स्वाद पसंद करते हैं, तो पुनुगुलु भी जरूर ट्राई किया जा सकता है. इसे गर्म चाय या पसंदीदा चटनी के साथ परोसा जाए तो इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है.