सर्दियों की शुरुआत हो चुकी है और आने वाले दिनों में कड़ाके ठंड शुरू हो जाएगी. देश के हिस्सों में शीत लहर का प्रकोप भी शुरू हो जाएगा. बहुत से लोग ठंड के प्रकोप को कम करने के लिए के लिए रूम हीटर आदि का इस्तेमाल करते हैं. हालांकि कई बार रूम हीटर भी वजह से आपको स्वास्थ्य संबंधित समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है.
दरअसल, रूम हीटर की मदद से बहुत से लोगों को ठंड से अस्थाई फायदा तो मिल जाता है. मगर रूम हीटर का ज्यादा इस्तेमाल करने की वजह से स्किन और सांस संबंधित कुछ समस्याओं का सामना करना पड़ता है. इसलिए रूम हीटर के साथ एक ह्युमिडिटी मीटर का भी इस्तेमाल करना चाहिए.
रूम हीटर की वजह से ऑक्सीजन कम हो सकती है
रूम हीटर की मदद से अगर कमरे का तापमान ज्यादा हो जाता है. तो सबसे पहले तो कमरे में ऑक्सीजन का लेवल कम हो जाता है, जिसकी वजह से दम घुट सकता है और चक्कर आदि का सामना करना पड़ सकता है.
स्किन एलर्जी परेशान कर सकती है
रूम हीटर का ज्यादा इस्तेमाल करने की वजह से स्किन एलर्जी भी हो सकती है और खुजली आदि का सामना करना पड़ सकता है.
यह भी पढ़ें: 14 साल में सबसे कमजोर तीसरी तिमाही, आखिर क्यों घट रही दुनिया भर में स्मार्टफोन की सप्लाई?
ह्यमुडिटी मॉनिटर मीटर
ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर ढेरों ऐसे प्लेटफॉर्म है, जहां पर ह्यमुडिटी मॉनिटर को खरीदा जा सकता है. मार्केट में 200 रुपये की शुरुआत में ऐसे ढेरों ऑप्शन मिलते हैं, जो टेम्प्रेचर के साथ-साथ ह्यमुडिटी लेवल को भी दिखाते हैं.
रूम हीटर खरीदते समय ISI मार्क चेक करें
सेफ्टी लिए जरूरी है कि रूम हीटर खरीदते समय ISI मार्क का ध्यान रखें. ISI मार्क, असल में भारत में औद्योगिक और उपभोक्ता प्रोडक्ट की क्वालिटी और सुरक्षा जांच का सबसे अहम निशान है.
यह भी पढ़ें: ₹15,000 से कम में 5 धांसू स्मार्टफोन, 5G से लेकर बड़ी बैटरी तक मिलेंगे ये फीचर्स
हमेशा चेक करें क्वालिटी
रूम हीटर खरीदते समय सेफ्टी फीचर्स को भी चेक करें. कई बार सस्ते हीटर में खराब क्वालिटी की वायर और प्लास्टिक इस्तेमाल होती है, जिसकी वजह से रूम हीटर में आग तक लग सकती है.