इंदौर में पचास फीसदी से ज्यादा स्टूडेंट्स अपने स्कूल असाइनमेंट पूरा करने के लिए सोशल नेटवर्किंग साइट पर लॉग ऑन करते हैं. यह खुलासा टाटा कंसल्टेंसी सर्वे (टीसीएस) 2014-15 में हुआ है. इस सर्वे को 14 शहरों के क्लास आठवीं से दसवीं तक 12,365 स्टूडेंट्स के बीच किया गया.
अध्ययन के अनुसाररने के लिए सोशल नेटवर्किंग का रास्ता पकड़ते हैं. इस वर्ग में मुंबई के छात्र सबसे आगे हैं. मुंबई के 52.9 फीसदी स्टूडेंट्स अपने स्कूल असाइनमेंट पूरा करने के लिए सोशल नेटवर्किंग को प्राथमिकता देते हैं.
छात्रों के बीच ऑनलाइन रिसोर्स की पैठ
दूसरी ओर हैदराबाद के 52 फीसदी स्टूडेंट्स होमवर्क के लिए का सहारा लेते हैं. इंदौर इस मामले में तीसरे स्थान पर है, जबकि 51.1 फीसदी के साथ दिल्ली के स्टूडेंट्स चौथे नंबर पर हैं.
इंदौर में छात्रों के बीच ऑनलाइन रिसोर्स अपनी पैठ बनाता जा रहा है. खासतौर पर और विकीपीडिया. सर्वे के दौरान इंदौर के 84.2 प्रतिशत स्टूडेंट्स ने सोशल नेटवर्किंग साइट्स के इस्तेमाल को स्वीकार किया, जबकि 12.3 फीसदी ने इससे इनकार किया.
65 फीसदी छात्र विकीपीडिया पर निर्भर
सर्वे के मुताबिक इंदौर के 65 फीसदी छात्र अपने होमवर्क को पूरा करने के लिए विकीपीडिया पर निर्भर है, जबकि 53.2 प्रतिशत ऑनलाइन पीडीएफ को अपने सोर्स के तौर पर इस्तेमाल करते हैं.
इसके साथ ही 44.2 फीसदी छात्र अपने सब्जेक्ट से संबंधित वीडियो देखते हैं. 34 फीसदी स्टूडेंट्स ई-बुक पढ़ते हैं, जबकि 28.6 फीसदी स्टूडेंट्स ऑनलाइन ट्यूटोरियल्स को प्राथमिकता देते हैं और 21.4 फीसदी चैट और ऑनलाइन ग्रुप में डिस्कशन करते हैं.
दूसरी ओर इंदौर के 50.7 फीसदी स्टूडेंट्स ने कहा कि वे का उपयोग अपने परिवार के साथ जुड़े रहने के लिए करते हैं. स्टडी के दौरान सोशल नेटवर्किंग का दूसरा उद्देश्य फुटबॉल, फोटोग्राफी और दूसरी कम्युनिटी के साथ जुड़े रहने का है. 44.7 फीसदी छात्र इस तरह ऑनलाइन एक्टीविटीज को प्राथमिकता देते हैं.