भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव ने स्वीकार किया है कि आईसीसी मेन्स टी20 वर्ल्ड कप 2026 के दौरान एक अहम मैच में अक्षर पटेल को प्लेइंग इलेवन से बाहर करना उनकी गलती थी. उन्होंने बताया कि इस फैसले से ऑलराउंडर अक्षर पटेल नाराज हो गए थे, और मैच के बाद उन्होंने खुद जाकर उनसे माफी मांगी.
यह फैसला अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में साउथ अफ्रीका के खिलाफ सुपर-8 मुकाबले के लिए लिया गया था. दरअसल, अक्षर पटेल इससे पहले नीदरलैंड्स के खिलाफ ग्रुप स्टेज मैच में हल्की चोट के कारण नहीं खेले थे. लेकिन साउथ अफ्रीका के खिलाफ उन्हें बाहर करना पूरी तरह रणनीतिक फैसला था और टीम मैनेजमेंट ने उनकी जगह वॉशिंगटन सुंदर को मौका दिया था.
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द इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में सूर्यकुमार यादव ने बताया कि उस मैच के बाद अक्षर पटेल से हुई बातचीत आसान नहीं थी. उन्होंने कहा, 'वह बहुत गुस्से में था और उसे होना भी चाहिए था. वह एक अनुभवी खिलाड़ी है और एक फ्रेंचाइजी टीम की कप्तानी भी कर चुका है. ऐसे में नाराज होना स्वाभाविक था. मैंने उससे माफी मांगी. मैंने कहा कि यह मेरी गलती थी और मुझे इसका अफसोस है. हालांकि यह फैसला टीम के हित में लिया गया था. यह बातचीत आसान नहीं थी, लेकिन अगले दिन हमने फिर बात की और मामला सुलझ गया.'
भारतीय टीम को मिली थी करारी हार
साउथ अफ्रीका के खिलाफ सुपर-8 मुकाबले में भारत को 76 रनों से करारी हार झेलनी पड़ी थी. अक्षर पटेल को बाहर रखने का फैसला टूर्नामेंट के दौरान सबसे ज्यादा चर्चा में रहने वाले रणनीतिक फैसलों में शामिल हो गया. हालांकि टीम मैनेजमेंट ने अपनी गलती जल्द सुधार ली और अगले मैच में जिम्बाब्वे के खिलाफ अक्षर पटेल को फिर से प्लेइंग-11 में शामिल कर लिया.
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अक्षर पटेल ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया. उन्होंने 8 मैचों में 11 विकेट लिए और 8.20 की इकोनॉमी रेट से गेंदबाजी करते हुए मिडिल ओवर्स में भारत के सबसे भरोसेमंद गेंदबाजों में से एक साबित हुए. फाइनल में न्यूजीलैंड के खिलाफ अक्षर ने 27 रन देकर 3 विकेट झटके और भारत की जीत में अहम योगदान दिया. इसके अलावा इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल में उन्होंने दो शानदार कैच लेकर मैच का रुख भारत की तरफ मोड़ दिया था.
अक्षर पटेल ने गेंदबाजी के अलावा बल्ले से भी जरूरत पड़ने पर तेज रन बनाकर टीम को मजबूती दी. भारत ने अंततः खिताबी मुकाबले में न्यूजीलैंड को 96 रनों से हराकर लगातार दूसरी बार टी20 वर्ल्ड कप खिताब अपने नाम किया. भारत टी20 वर्ल्ड कप क इतिहास में ऐसी पहली टीम बन गया, जिसने यह खिताब डिफेंड किया.