टीम इंडिया और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का आखिरी मुकाबला आज (11 जुलाई) साउथम्प्टन में है. सीरीज पहले ही अपने नाम कर चुकी इंग्लैंड की नजर अब भारत का 4-0 से हराने ने पर है. अगर ऐसा हुआ तो टीम इंडिया के नाम टी20 इतिहास का एक और शर्मनाक रिकॉर्ड दर्ज हो जाएगा. दूसरी ओर श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली भारतीय टीम हार के सिलसिले को रोककर सम्मान बचाने के इरादे से मैदान में उतरेगी.
आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे पर भारत ने जिस शुरुआत की थी, उसका मकसद युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी का इंटनेशनल डेब्यू था. लेकिन वो भी 14, 13 और 15 के स्कोर अब तक कर सके हैं, ऐसे में उनसे साउथम्पटन में बड़ी पारी की उम्मीद होगी.
यह दौरा टीम इंडिया के लिए लगातार नेगेटिव रिकॉर्ड लेकर आया. भारत पहली बार आयरलैंड से टी20 मुकाबला हारा. इसके बाद टीम ने लगातार पांच टी20 मैच गंवाए. इंग्लैंड के खिलाफ पहली बार किसी मल्टी मैच बाइलेट्रल टी20 सीरीज में हार मिली. इतना ही नहीं, टीम को अपने टी20 इतिहास की सबसे बड़ी हार का भी सामना करना पड़ा.
बाइलेटरल सीरीज़ में भारतीय टीम इससे पहले सिर्फ़ एक बार तीन गेम हारा था, यह 2023 में वेस्ट इंडीज से 3-2 से हारकर हुआ था. पक्का है कि उन्हें तीन या उससे ज्यादा गेम की सीरीज में कभी व्हाइटवॉश नहीं किया गया है, इसलिए साउथम्पटन की हार इस आंकड़े को 4-0 कर देगी, जो पहली बार भारतीय टीम के साथ होगा. हालांकि भारत की 4-0 से हार होने पर भी यह व्हाइटवॉश नहीं होगी क्योंकि चेस्टर-ले-स्ट्रीट में हुआ पहला टी20 बारिश की वजह से धुल गया था.
इंग्लैंड की नजर ICC नंबर-1 रैंकिंग पर
हैरी ब्रूक और हेड कोच ब्रेंडन मैकुलम की जोड़ी इंग्लैंड को लगातार नई ऊंचाइयों तक पहुंचा रही है. पिछले साल की गर्मियों के बाद से इंग्लैंड ने 22 में से 19 टी20 मुकाबले जीते हैं और शानदार लय में दिखाई दे रही है.
अगर इंग्लैंड पांचवां मुकाबला भी जीत लेता है तो वह भारत को पछाड़कर ICC मेन्स टी20 रैंकिंग में नंबर-1 टीम बन जाएगा. भले ही भारत लगातार दो टी20 वर्ल्ड कप जीत चुका हो, लेकिन नंबर-1 रैंकिंग छिनना टीम के लिए बड़ा झटका माना जाएगा.
बटलर और श्रेयस पर रहेंगी निगाहें
इंग्लैंड के अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज जोस बटलर की फॉर्म चिंता का विषय बनी हुई है. वह लगातार 18 टी20 इंटरनेशनल पारियों में 40 रन का आंकड़ा नहीं छू सके हैं. इस दौरान उनका एवरेज केवल 15.16 और स्ट्राइक रेट 131.88 है, जो उनके करियर स्तर से काफी नीचे है. फिल सॉल्ट के साथ उनकी ओपनिंग पार्टरनशिप भी इस सीरीज में अपेक्षित प्रभाव नहीं छोड़ सकी है.
भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर के लिए भी यह दौरा उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा. उन्होंने लगातार छह टॉस जरूर जीते, लेकिन टीम को जीत नहीं दिला सके. हालांकि ब्रिस्टल टी20 में नाबाद 80 रन की पारी खेलकर उन्होंने अपनी फॉर्म की झलक दिखाई, मगर दूसरे बल्लेबाज उनका साथ नहीं दे सके.
टीम इंडिया की प्लेइंग 11 में बदलाव संभव
भारत को चोटों ने भी परेशान किया है. फास्ट बॉलर हर्षित राणा और स्पिनर वरुण चक्रवर्ती चोट के कारण पूरे दौरे से बाहर हो चुके हैं. ऐसे में शिवम दुबे की जगह सूर्यांश शेडगे को मौका मिल सकता है ताकि बल्लेबाजी क्रम में दाएं-बाएं हाथ के बल्लेबाजों का बेहतर संतुलन बनाया जा सके.
साउथम्प्टन में भारतीय टीम की संभावित प्लेइंग 11: अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा, शिवम दुबे/सूर्यांश शेडगे, अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, अर्शदीप सिंह, प्रिंस यादव और प्रसिद्ध कृष्णा.
इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने संकेत दिए हैं कि टीम ज्यादा बदलाव नहीं करेगी. ब्रिस्टल में अतिरिक्त बल्लेबाजी विकल्प के तौर पर शामिल किए गए रेहान अहमद और लियाम डॉसन को पिछले दो मैचों में गेंदबाजी या बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला.
साउथम्प्टन में इंग्लैंड टीम की संभावित प्लेइंग 11: फिल सॉल्ट, जोस बटलर (विकेटकीपर), हैरी ब्रूक (कप्तान), जैकब बेथेल, टॉम बैंटन, सैम करन, विल जैक्स, रेहान अहमद, आदिल राशिद, जोफ्रा आर्चर और जोश टंग.
साउथम्पटन में कैसा है पिच का मिजाज
साउथम्प्टन का यूटिलिटा बाउल इंग्लैंड के बड़े मैदानों में गिना जाता है, जहां बाउंड्री लगभग बराबर दूरी पर हैं. भारत ने यहां अपना इकलौता टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला चार साल पहले जीता था. इस सीजन हैम्पशायर के छह घरेलू ब्लास्ट मुकाबलों में पहली पारी का एवरेज स्कोर 174 रहा है. 173, 190 और 200 जैसे स्कोर सफलतापूर्वक डिफेंड भी किए गए हैं.