मशहूर शायर मुनव्वर राना का मुंबई के हिंदुजा अस्पताल में कैंसर का सफल ऑपरेशन हो गया है. उन्हें गाल में पहली स्टेज का कैंसर था. डॉक्टर अभी कुछ दिन उन्हें निगरानी में रखेंगे.
मुनव्वर को के बाद मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था. इसके बाद उन्हें ऑपरेशन के लिए हिंदुजा अस्पताल ले जाया गया. रविवार को इस ऑपरेशन को अंजाम दिया गया. कुछ दिनों तक वह बातचीत नहीं कर पाएंगे.
Aap sabhi ki Duao'n se Papa ka operation Kamyab raha.
Thanks for your love and affection.
- Tabrez Rana
— Munawwar Rana (@MunawwarRana)
सोमवार को ट्विटर पर मुनव्वर राना के लिए दुआएं लिखने वालों का तांता लग गया. ट्विटर पर #MunawwarRana और #Getwellsoon हैशटैग से खूब ट्वीट किए गए. चाहने वालों ने उनके शेर साझा किए और उनके जल्द स्वस्थ होने की दुआ मांगी.
पेट की ख़ातिर फ़ुटपाथों पे बेच रहा हूँ तस्वीरें
मैं क्या जानूँ रोज़ा है या मेरा रोज़ा टूट गया
— 'मासूम' (@Brijender2105)
Zara si baat hai lekin hawa ko kaun samjhaaye,
diye se meri maa mere liye kaajal banati hai.
— Rahman (@dost_rahman)
Get well soon
— shaikh asjad (@sasjads)
मियाँ मैं शेर हूँ शेरों की गुर्राहट नहीं जाती..
मैं लहजा नर्म भी कर लूँ तो झुँझलाहट नहीं जाती..
— कोमल :) (@Komal_Indian)
"मुमकिन है मैं दिखाई पड़ूँ एक दिन तुम्हें // यादों का जाल ऊन की तीली से काटना"
— Kuhu (@Kuhu_bole)
Thanks Team
— #MunawwarRana FC (@MRanaFans)
जब भी कश्ती मेरी सैलाब में आ जाती है
माँ दुआ करती हुई ख्वाब में आ जाती है।
— Keshava (@Kumar_Ke5hav)
लौटने में कम पड़ेगी उम्र की पूँजी हमें
आपतक आने ही में हमको ज़माने लग गये
— girindranath (@girindranath)
सब ओढ़ लेंगे मिट्टी की चादर को एक दिन,
दुनिया का हर चिराग़ हवा की नज़र में है !
— Gautam Trivedi (@Gotham3)
इससे पहले अपने बीमार होने की खबर साझा करते हुए मुनव्वर ने 7 मई को ट्विटर पर सिर्फ इतना लिखा था, 'ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती हूं. दुआओं की दरख्वास्त है.' इसके अलावा उन्होंने एक शेर भी साझा किया, 'सहरा पर बुरा वक्त मेरे यार पड़ा है/दीवाना कई रोज से बीमार पड़ा है.'
Admitted in breach candy hospital.
Duaao'n ki Darkhwast.
— Munawwar Rana (@MunawwarRana)
मुनव्वर राना को पिछले साल दिसंबर में ही किताब 'शहदाबा' के लिए उर्दू के के लिए चुना गया था. वह मां पर लिखे शेरों के लिए सबसे ज्यादा जाने जाते हैं. इसके अलावा उन्होंने अल्पसंख्यकों के हालात बयान करती और सियासत को आइना बताती गजलें भी खूब कही हैं.मुनव्वर के एक करीबी रिश्तेदार ने बताया, 'उन्हें 20-22 दिन पहले खून आना शुरू हो गया था. पर वह इसे मसूड़ों की कोई मामूली परेशानी समझ रहे थे. उन्होंने कोलकाता में डॉक्टर को दिखाया तो उसने बायोप्सी का टेस्ट करवाने की सलाह दी. बायोप्सी की रिपोर्ट में कैंसर की पुष्टि हो गई.' इसके बाद मुनव्वर मुंबई आ गए. उनके दोस्त, रिश्तेदार और कुछ .