scorecardresearch
 

Balcony Covering Tips: कबूतरों की गंदगी और बच्चों के गिरने की टेंशन खत्म! बालकनी में लगाएं ये खास जाली, जानें कितना आएगा खर्च

Balcony Covering Tips: बालकनी में बच्चों की सेफ्टी के साथ कबूतरों से बचाव के लिए ग्रीन जाली और फाइबर शीट लगवाई जा सकती है. इससे बच्चों के बालकनी से गिरने का खतरा कम करने और कबूतरों की गंदगी से बचने में मदद मिल सकती है. जानें इसे कैसे लगवाएं, इसके क्या फायदे हैं और बालकनी कवरिंग में कितना खर्च आ सकता है.

Advertisement
X
ये वाली जाली लगाने से कबूतरों से छुटकारा मिलता है और बच्चों की सेफ्टी भी बनी रहती है. (Photo: ITG)
ये वाली जाली लगाने से कबूतरों से छुटकारा मिलता है और बच्चों की सेफ्टी भी बनी रहती है. (Photo: ITG)

Balcony Covering Tips: आजकल ज्यादातर घरों में बालकनी सिर्फ कपड़े सुखाने या सामान रखने की जगह नहीं रह गई है. बालकनी लोगों के लिए घर का वो हिस्सा है, जहां लोग सुकून से बैठकर चाय पीते हैं, मौसम का मजा लेते हैं और बच्चों के लिए खेलने की जगह भी बनाते हैं. खासकर उन लोगों के लिए जो ऊंची-ऊंची बिल्डिंग्स में रहते हैं उनके लिए बालकनी उनके घर का सबसे प्यारा और सुकूनभरा कोना बन चुकी है. चारों तरफ बिल्डिंग्स और उनके अंदर बने छोटे-छोटे फ्लैट्स में घुटन हो जाती है. ऐसे में खुली हवा में बैठने के लिए लोग अक्सर बालकनी में बैठना पसंद करते हैं. 

ऐसे में ऊंची मंजिलों पर रहने वाले परिवारों के लिए बालकनी की सेफ्टी बहुत जरूरी है. छोटे बच्चे अक्सर रेलिंग पर चढ़ने या बालकनी से खिलौने और दूसरी चीजें नीचे फेंकने की कोशिश करते हैं. वहीं, कबूतर भी बालकनी में घुसकर गंदगी फैलाने लगते हैं. ऐसे में बालकनी को कवर करने के लिए ग्रीन जाली और फाइबर शीट लगवाना एक आसान ऑप्शन हो सकता है. इससे बच्चों की सुरक्षा बढ़ाने के साथ कबूतरों को अंदर आने से भी रोका जा सकता है. चलिए जानते हैं इसके फायदे और इसे लगवाने में कितना खर्चा आता है.

बच्चों की सेफ्टी और कबूतरों से बचाव
बालकनी को खास तरह की ग्रीन जाली से कवर करवाना अच्छा ऑप्शन हो सकता है. इसके लिए पहले बालकनी के आसपास मजबूत फ्रेम तैयार किया जाता है. इसके बाद फ्रेम के ऊपर जाली लगाई जाती है.

ये जाली बालकनी को इस तरह कवर कर देती है कि कबूतर और दूसरे पक्षी अंदर नहीं आ पाते. साथ ही छोटे बच्चों के लिए भी बालकनी का खुला हिस्सा काफी हद तक सुरक्षित हो जाता है.

नीचे लगती है फाइबर शीट
सिर्फ जाली लगाने के बजाय बालकनी की रेलिंग के निचले हिस्से में फाइबर शीट भी लगाई जा सकती है. इसका एक फायदा ये है कि बालकनी से धूल-मिट्टी सीधे घर के अंदर आने की संभावना कम हो जाती है. ये बच्चों को रेलिंग के नीचे से सामान गिराने से रोकने में भी मदद करती है. यानी खिलौने या घर का छोटा-मोटा सामान नीचे गिरने का खतरा कम किया जा सकता है.

सिर्फ जाली खरीदकर लगवा लेना सही नहीं
अगर आप सोच रहे हैं कि बाजार से सीधा जाली खरीदकर लगाने से काम चल जाएगा तो ये मजबूत काम नहीं होगा. बाजार में इस तरह की जालियां हार्डवेयर या दूसरे दुकानदारों के पास आसानी से मिल जाती हैं. कई जगह दुकानदार जाली खरीदने के साथ उसे लगाने वाले लोगों का नंबर भी दे देते हैं. इससे कम कीमत में काम हो सकता है.

Advertisement

लेकिन अगर आप मजबूत और अच्छी फिनिशिंग वाला काम चाहते हैं, तो सिर्फ जाली खरीदकर किसी भी व्यक्ति से लगवाने के बजाय किसी अच्छे फैब्रिकेटर से सलाह लेकर फ्रेम तैयार करवाना बेहतर रहेगा.

फ्रेम मजबूत होगा तो जाली भी टिकेगी
बालकनी में जाली लगवाते समय सिर्फ जाली की क्वालिटी ही नहीं, बल्कि उसके फ्रेम पर भी ध्यान देना जरूरी है. अगर जाली को मजबूत फ्रेम के साथ सही तरीके से फिट किया जाए, तो उसका स्ट्रक्चर ज्यादा मजबूत रहता है और लंबे समय तक चल सकता है. इसलिए काम करवाते समय फ्रेम की मजबूती, जाली की क्वालिटी और फिटिंग जरूर चेक करें.

कितना आएगा खर्च?
इस तरह की बालकनी कवरिंग का खर्च बालकनी के साइज, जाली की क्वालिटी, फ्रेम के मटेरियल, फाइबर शीट और लेबर चार्ज पर निर्भर करता है. छोटी बालकनी में खर्च कम और बड़ी बालकनी में ज्यादा हो सकता है.

इसलिए काम शुरू करवाने से पहले फैब्रिकेटर से बालकनी का साइज नपवाकर जाली, फ्रेम, फाइबर शीट और फिटिंग समेत पूरा कोटेशन लेना बेहतर रहेगा.

अगर घर में छोटे बच्चे हैं या आपकी बालकनी में कबूतरों का आना-जाना ज्यादा है, तो ये सेटअप दोनों समस्याओं को एक साथ कम करने में मदद कर सकता है. 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement