मोदी सरकार ने और काशी हिंदू विश्व विद्यालय के संस्थापक मदन मोहन मालवीय को देश का सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न देने की पूरी तैयारी कर ली है. सूत्रों के मुताबिक केंद्र सरकार आज इस बारे में घोषणा कर सकती है.
उम्मीद की जा रही है कि इस बारे में आज दोपहर एक सिफारिशी नोट राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को भेजेंगे.

पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को देश का सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न देने की घोषणा उनके जन्मदिन 25 दिसंबर के मौके पर हो सकती है.
भारत के 11वें प्रधानमंत्री के रूप में एनडीए की ने 1996 में 13 दिनों की सरकार चलाई थी और उसके बाद 1998 से 2004 तक दूसरी बार प्रधानमंत्री के रूप में देश का शासन चलाया.
खबरों के मुताबिक भारत रत्न देने से संबंधित फैसला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बीजेपी के शीर्ष नेताओं अरुण जेटली, सुषमा स्वराज, नितिन गडकरी, राजनाथ सिंह और अमित शाह की मीटिंग के बाद किया गया.
गौरतलब है कि बीजेपी लंबे समय से अटल बिहारी वाजपेयी को भारत रत्न देने की मांग करती रही है. पिछले पांच सालों में उसने इस बाबत अपनी आवाज से जोर उठाई.
दूसरी ओर लोकसभा चुनावों के दौरान अपने प्रचार अभियान में कई मौकों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंडित मदन मोहन मालवीय को भारत रत्न देने की बात की थी.