नरेंद्र मोदी 30 मई को दोबारा प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने वाले हैं. इस बीच कैबिनेट को लेकर जोड़तोड़ जारी है. वहीं दूसरी तरफ पीएम नरेंद्र मोदी अरुण जेटली से मिलने उनके घर पहुंचे. हाल ही में अरुण जेटली सेहत का हवाला देकर पहले ही मंत्री न बनने की बात कह चुके हैं.
पीएम मोदी अरुण जेटली से उनके आवास कृष्ण मेनन मार्ग पर मिलने पहुंचे. दोनों नेताओं के बीच ये मुलाकात करीब आधे घंटे तक चली. बीमारी से जूझ रहे वित्त मंत्री अरुण जेटली ने पीएम नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखी है. ट्विटर पर चिट्ठी को शेयर करते हुए जेटली ने लिखा, 'पिछले 18 महीने से मैं बीमार हूं. मेरी तबीयत खराब है, इसलिए मुझे मंत्री न बनाने पर विचार करें.'
Delhi: Prime Minister Narendra Modi arrives at the residence of Arun Jaitley.
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अपने खत में जेटली ने लिखा, 'आपकी (पीएम मोदी) अगुवाई में 5 साल काम करने का अनुभव बहुत ही अच्छा रहा. इससे पहले भी एनडीए सरकार में मुझे जिम्मेदारियां दी गईं. सरकार के अलावा संगठन और विपक्ष के नेता के रूप में मुझे अहम जिम्मेदारियों से नवाजा गया. अब मुझे कुछ नहीं चाहिए.'
जेटली ने लिखा, 'मैं आपसे औपचारिक रूप से अनुरोध करने के लिए लिख रहा हूं कि मुझे अपने इलाज और स्वास्थ्य के लिए उचित समय चाहिए और इसलिए मैं नई सरकार में किसी भी जिम्मेदारी का हिस्सा नहीं बनना चाहता हूं. इसके बाद निश्चित तौर पर मेरे पास काफी समय होगा, जिसमें मैं अनौपचारिक रूप से सरकार या पार्टी में कोई भी सहयोग कर सकता हूं.'
सॉफ्ट टिशू कैंसर से पीड़ित हैं जेटली
बता दें कि पिछले साल मई में अरुण जेटली का किडनी प्रत्यारोपण हुआ था. इसके बाद जेटली के बाएं पैर में सॉफ्ट टिशू कैंसर हो गया है, जिसकी सर्जरी के लिए वह इसी साल जनवरी में अमेरिका भी गए थे. फिलहाल वह कीमो के दौर से बाहर आने की कोशिश कर रहे हैं. इसके कारण जेटली बेहद कमजोर हो गए हैं. पिछले हफ्ते उन्हें एम्स में भर्ती कराया गया था, जहां उनका इलाज हुआ था.