ने शनिवार को कहा कि विकास के रास्ते में आने वाली बाधाओं को मिल कर दूर करें चाहे वह कानूनी हों या प्रशासनिक. राष्ट्रपति उत्तर प्रदेश के दो दिवसीय दौरे पर हैं.
राष्ट्रपति ने यहां एक पांच सितारा होटल में आयोजित जागरण फोरम परिचर्चा के उद्घाटन के दौरान जोर देकर कहा कि बाधाओं को दूर करने का संयुक्त प्रयास करना चाहिए ताकि गरीबों का विकास हो सके.
राष्ट्रपति ने कहा कि हमारे देश का लोकतंत्र विश्व का सबसे बड़ा फलता-फूलता लोकतंत्र है, जिसमें 70 करोड़ मतदाता 543 प्रतिनिधियों का चुनाव प्रत्येक पांच वर्ष पर या इससे कम समय में करते हैं.
प्रणब ने कहा कि लोकतंत्र और विकास दोनों एक दूसरे के पूरक हैं, इसलिए इसका चौमुखी, सतत एवं सर्वसमावेशी विकास अत्यन्त आवश्यक है. लोकतांत्रिक प्रक्रिया में यह आवश्यक है कि विकास का लाभ निचले स्तर तक पहुंचे.
इस कार्यक्रम में सूबे के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि लोकसभा सदस्य के रूप में, देश के वित्त मंत्री के रूप में उन्होंने प्रणब के कामकाज को देखा है और उनकी कार्यप्रणाली से बहुत कुछ ग्रहण किया है.
कार्यक्रम के उद्घाटन के बाद राष्ट्रपति वायुसेना के विशेष विमान से दिल्ली के लिए रवाना हो गए. इस दौरान अमौसी हवाई अड्डे पर राज्यपाल बी. एल. जोशी और मुख्यमंत्री अखिलेश ने उन्हें विदाई दी.