अन्ना के अनशन पर मंगलवार की शाम को अचानक गतिविधियां तेज हो गई हैं. ऐसा शायद इसलिए हैं क्योंकि कांग्रेस प्रमुख सोनिया गांधी बातचीत की स्थिति में आ गई लगती हैं. अचानक ही शुरू हुई सारी सरकारी गतिविधियां इस ओर ही इशारा करती हैं.
सबसे पहले केंद्रीय कानून मंत्री सलमान खुर्शीद सिविल सोसाइटी के सदस्य अरविंद केजरीवाल से मुलाकात करते हैं और मुलाकात के बाद इसे ‘सिर्फ समझने आए थे’ कह कर कुछ भी बताने से इंकार करते हैं.
इसके बाद अरविंद केजरीवाल रामलीला मैदान पहुंच कर लोगों से यह बताते हैं कि सरकार की ओर प्रणब मुखर्जी टीम अन्ना के सदस्यों से बातचीत करेंगे.
इसके बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का वह पत्र सामने आता है जिसमें उन्होंने अन्ना हजारे से अपील की कि वो अपना अनशन समाप्त कर दें.
प्रधानमंत्री ने अन्ना से कहा है कि हम दोनों एक ही राह पर हैं. साथ ही उन्होंने अन्ना को पत्र में लिखा कि अगर लोकसभा के अध्यक्ष की इजाजत मिलती है तो स्टैंडिंग कमेटी में भेज सकते हैं जनलोकपाल बिल.
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अन्ना के मुद्दे पर आज शाम एक मीटिंग बुलाई है जिसमें कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी के शिरकत करने की भी खबर है.