आंध्र प्रदेश में सत्तारूढ़ वाईएसआरसीपी से इस्तीफा देने के चार दिनों बाद ही पूर्व भारतीय क्रिकेटर अंबति रायडू बुधवार को अपनी चुनावी किस्मत आजमाने के लिए पवन कल्याण की पार्टी जन सेना पार्टी का दरवाजा खटखटाते नजर आए. रायडू 28 दिसंबर को ही वाईएसआरसीपी में शामिल हुए थे.
रायडू ने बुधवार को जन सेना पार्टी (JSP) अध्यक्ष पवन कल्याण से मुलाकात की जिसके कई राजनीतिक मायने निकाले जा रहे हैं. वह जेएसपी में शामिल होने की अटकलों के बीच गुंटूर जिले के मंगलागिरी में जेएसपी पार्टी कार्यालय गए.
सोशल मीडिया पर रायडू का पोस्ट
सोशल मीडिया अकाउंट 'एक्स' पर एक पोस्ट करते हुए रायडू ने कहा कि मैं वाईएसआरसीपी में रहकर आंध्र प्रदेश के लोगों की सेवा करने के अपने सपने को पूरा नहीं कर सकता हूं, लेकिन वह इसके लिए किसी को दोषी नहीं ठहराऊंगा. अंबति रायडू ने कहा कि उन्होंने दुबई में होने वाले ILT20 में भाग लेने के लिए YSRCP छोड़ दी. उन्होंने कहा कि उनकी विचारधारा वाईएसआरसीपी के अनुरूप नहीं है और पार्टी से उनके इस्तीफे का एक्स या वाई सीट से चुनाव लड़ने से कोई लेना-देना नहीं है इसलिए, उन्होंने राजनीति से आगे बढ़ने का संकल्प लिया.
रायडू ने कहा कि अपने शुभचिंतकों के कहने पर उन्होंने पवन कल्याण से मुलाकात की. इस मुलाकात पर उन्होंने कहा, 'पवन कल्याण के साथ काफी समय बिताया और जीवन एवं राजनीति पर चर्चा की और उन्हें समझने की कोशिश की. मुझे यह कहते हुए बहुत खुशी हो रही है कि उनकी विचारधारा और दृष्टिकोण मेरे समान हैं, और मुझे उनसे मिलकर बहुत खुशी हुई है. मैं अपनी क्रिकेट प्रतिबद्धताओं के लिए दुबई जाऊंगा. मैं हमेशा आंध्र प्रदेश के लोगों के लिए खड़ा रहूंगा.
तो पवन कल्याण के संग करेंगे नई पारी शुरू
आपको बता दें कि वाईएसआरसीपी से इस्तीफा देने की घोषणा करते समय रायडू ने कहा था कि वह 'थोड़े समय के लिए' राजनीति से दूर रहना चाहते हैं. हालांकि, उन्होंने 'उचित समय' में अपनी भविष्य की योजनाओं के बारे में बताने का वादा किया था. अब पवन कल्याण से मुलाकात के बाद कयास लगाए जा रहे हैं कि वह जल्द ही अपनी नई राजनीतिक पारी शुरू कर सकते हैं.
अंबति भारतीय क्रिकेट टीम का भी प्रतिनिधित्व कर चुके हैं और इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में मुंबई इंडियंस और चेन्नई सुपर किंग्स फ्रेंचाइजी के लिए खेल चुके हैं. उन्होंने घरेलू क्रिकेट में कई राज्यों की टीमों के लिए भी खेला है. पिछले कुछ महीनों के दौरान रायडू विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से आम लोगों से सीधे जाकर मिल रहे थे.