पश्चिम बंगाल में नादिया रेप-मर्डर मामले में CBI ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई की है. जिसमें सीबीआई ने TMC नेता समेत दो और लोगों को गिरफ्तार किया है. जानकारी के मुताबिक टीएमसी के स्थानीय पंचायत नेता समरेंद्र गयाली, जो मुख्य आरोपी के पिता हैं, को सीबीआई ने गिरफ्तार कर लिया है. वहीं समरेंद्र गयाली के करीबी माने जाने वाले पीयूष भक्त को भी केंद्रीय एजेंसी ने गिरफ्तार किया है.
बता दें कि पहले नादिया केस की जांच बंगाल पुलिस द्वारा ही की जा रही थी. लेकिन बाद में कलकत्ता हाई कोर्ट ने इस मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी. तब जोर देकर कहा गया था कि बंगाल पुलिस ने इस केस में कई जरूरी सबूत इकट्ठा नहीं किए. इस बात पर भी नाराजगी व्यक्त की गई कि पुलिस द्वारा पीड़िता के घर से खून से सनी हुई बेडशीट ही जब्त नहीं की गई. पीड़िता का अंतिम संस्कार भी जल्दबाजी में कर दिया गया जिस वजह से कई अहम सुराग छूट गए.
क्या है मामला?
घटना नादिया जिले के एक गांव की है. 4 अप्रैल को टीएमसी नेता समरेंद्र गयाली के बेटे ब्रज गोपाल ने 14 साल की लड़की को अपने घर बर्थडे पार्टी में बुलाया था. पीड़िता की मां का आरोप है कि बेटी के साथ रेप किया गया. उसके बाद देर शाम बेटी को दो लोग और एक महिला घर छोड़ने आए और धमकी दी कि अगर किसी को बताया तो घर में आग लगा देंगे. घटना के बाद बेटी डर गई और चुप रही. सुबह तबीयत ज्यादा बिगड़ी तो डॉक्टर को बुलाने के लिए. जब घर लौटे तो बेटी की मौत हो गई.
घटना के पांच दिन बाद 10 अप्रैल को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई. हालांकि, इस घटना के बाद सीएम ममता बनर्जी ने बयान में कहा था कि कहानी बताई जा रही है कि रेप की वजह से नाबालिग लड़की की मौत हो गई, क्या आप उसे रेप कहेंगे? क्या वो लड़की गर्भवती थी या उसका प्रेम प्रसंग चल रहा था, आपने जानने की कोशिश की? पुलिस ने मुझे बताया है कि लड़की और उस लड़के का अफेयर चल रहा था. वहीं, स्थानीय उस डॉक्टर्स का बयान भी सामने आया था, जिसके पास लड़की की मां दवा लेने गई थी. डॉक्टर्स का कहना था कि पीड़िता की मां पेट दर्द की दवा लेने आई थी.
(Rittik की रिपोर्ट)