scorecardresearch
 

बीट रिपोर्ट: TMC के आरोपों पर चुनाव आयोग का जवाब, डेरेक ओ ब्रायन के रवैये पर सवाल

दिल्ली में चुनाव आयोग और टीएमसी के बीच हुई बैठक कुछ ही मिनटों में खत्म हो गई. बैठक के दौरान टीएमसी डेलिगेशन और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के बीच तीखी बहस हुई. आयोग ने डेरेक ओ ब्रायन के व्यवहार पर आपत्ति जताई. बैठक के अंत में टीएमसी डेलिगेशन ने बैठक छोड़ी और बयानबाजी भी सामने आई.

Advertisement
X
चुनाव आयोग में टीएमसी डेलिगेशन और अधिकारियों के बीच तीखी बहस (Photo: ITG)
चुनाव आयोग में टीएमसी डेलिगेशन और अधिकारियों के बीच तीखी बहस (Photo: ITG)

दिल्ली में चुनाव आयोग के दफ्तर में जो कुछ हुआ, उसे देखकर तो यही लगता है कि आयोग और TMC के बीच की जंग अब और भी तेज हो गई है. आयोग ने अब टीएमसी के आरोपों पर अपना जवाब देते हुए डेरेक ओ ब्रायन के रवैये पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. असल में, 6 अप्रैल को TMC ने चुनाव आयोग से मिलने का वक्त मांगा था और महज 2 घंटे के भीतर उन्हें 7 अप्रैल की सुबह 10 बजे का समय मिल भी गया. लेकिन किसे पता था कि जिस बैठक के लिए इतनी तैयारी की गई थी, वह सिर्फ 11 मिनट में ही हंगामे और तीखी बहस की भेंट चढ़ जाएगी.

TMC के नेता ठीक 10 बजे आयोग के दफ्तर पहुंचे. उनके हाथों में एक फोल्डर था, जिसमें कई सबूत और तस्वीरें थीं. ठीक 10 बजकर 2 मिनट पर मीटिंग शुरू हुई. कमरे में मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के साथ दोनों चुनाव आयुक्त भी मौजूद थे. चूंकि वक्त TMC ने मांगा था, इसलिए आयोग ने डैरेक ओ ब्रायन को अपनी बात रखने का मौका दिया. डैरेक ने एक-एक करके 6 बड़े मुद्दे उठाए. उन्होंने सवाल किया कि ममता बनर्जी ने जो 9 चिट्ठियां आयोग को लिखी थीं, उनका जवाब अब तक क्यों नहीं मिला? उन्होंने फोल्डर खोलकर वो तस्वीरें भी दिखाईं जिनमें चुनाव आयोग के कुछ अधिकारी बीजेपी कार्यकर्ताओं के साथ नजर आ रहे थे. साथ ही बंगाल के चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर (CEO) के काम करने के तरीके पर भी गंभीर सवाल खड़े किए.

Advertisement

CEC ने बोलना चाहा, तो शुरू हो गई बहस

करीब 6 मिनट तक डैरेक ओ ब्रायन अपनी बात कहते रहे. 10 बजकर 8 मिनट पर जब मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने जवाब देना शुरू किया, तो डैरेक ने उन्हें बीच में ही टोक दिया. उन्होंने पूछा कि 'सिर्फ आप ही क्यों बोल रहे हैं? बाकी के दो चुनाव आयुक्त क्यों चुप हैं?' 10 बजकर 9 मिनट पर माहौल और गर्मा गया. डैरेक लगातार आरोप लगा रहे थे, जिस पर CEC ने उनसे कहा कि वे मर्यादा बनाए रखें और कमरे के भीतर इस तरह चिल्लाना या गलत व्यवहार करना ठीक नहीं है.

बात इतनी बढ़ गई कि 10 बजकर 10 मिनट पर डैरेक ओब्रायन ने साफ कह दिया कि 'मुझे आपकी बात सुननी ही नहीं है.' इस पर मुख्य चुनाव आयुक्त ने भी कड़ा रुख अपनाते हुए कहा, 'अगर आप हमारी बात सुनना ही नहीं चाहते, तो आप जा सकते हैं.'

हैरानी की बात यह है कि चुनाव आयुक्त पेन और पैड लेकर डैरेक की एक-एक बात नोट कर रहे थे ताकि हर सवाल का जवाब दे सकें, लेकिन उन्हें मौका ही नहीं मिला. जाते-जाते माहौल इतना खराब हो गया कि TMC नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त से यहां तक कह दिया कि 'उम्मीद है कि आज रात आप चैन से सो पाएंगे.' इस तरह भारी हंगामे के बीच 10 बजकर 11 मिनट पर यह बैठक खत्म हो गई.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement