पहाड़ी इलाको में रविवार को हुई भारी बर्फबारी के कारण हिमाचल प्रदेश के कई इलाकों में यातायात व्यवस्था चरमरा गई है. विशेष रूप से कुल्लू-मनाली क्षेत्र में पर्यटकों की भारी भीड़ और बर्फबारी ने स्थिति को और खराब कर दिया. बताया जा रहा है कि राज्यभर में कुल 835 सड़कें बंद हो गई हैं, जिनमें तीन राष्ट्रीय राजमार्ग भी शामिल हैं.
वहीं, सड़कें बंद होने की वजह से कई रास्तों पर भीषण जाम लगा है. जाम की वजह से पर्यटक 10-15 घंटे तक जाम में फंसे रहे, कई जगहों पर 15 किलोमीटर तक गाड़ियों की लंबी कतारें लग गईं. कुछ पर्यटकों को अपनी गाड़ियां छोड़कर बर्फ में पैदल चलकर होटल तक पहुंचना पड़ा, जिससे उनकी हालत खराब हो गई.
लाहौल-स्पीति में 282 सड़कें बंद
राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र के अनुसार, लाहौल-स्पीति जिले में 282 सड़कें बंद हैं, जिनमें एनएच-3 (लेह-मनाली) और एनएच-505 (काजा-ग्रामफू) शामिल हैं. शिमला में 234, मंडी में 110, चंबा में 78, कुल्लू में 65 (एनएच-305 सहित), सिरमौर में 41, किन्नौर में 18, कांगड़ा में 4 और ऊना में 3 सड़कें बंद हैं.
7 जिलों की बिजली गुल
बर्फबारी के कारण राज्यभर में करीब 1,942 ट्रांसफॉर्मर प्रभावित हुए, जिससे हजारों घरों में बिजली गुल हो गई. शिमला में 789, सिरमौर में 354, मंडी में 284, चंबा में 277, कुल्लू में 174, लाहौल-स्पीति में 27 और सोलन में 23 ट्रांसफॉर्मर बंद हैं.
रविवार को ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की बर्फबारी और बारिश हुई, जबकि ज्यादातर हिस्सों में मौसम शुष्क रहा. मनाली, ऊना, हमीरपुर, कांगड़ा, मंडी और बिलासपुर में कोल्ड वेव के हालात बने हुए हैं. लाहौल-स्पीति के तबो गांव में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया.
सक्रिय होगा पश्चिमी विक्षोभ
मौसम विभाग ने सोमवार से एक नई पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की भविष्यवाणी की है, जिससे पहाड़ी इलाकों में भारी बर्फबारी हो सकती है. इसी को ध्यान में रखते हुए पूरे राज्य में सोमवार के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है, जिसमें गरज-चमक के साथ आंधी और तेज हवाओं की संभावनाएं हैं. मंगलवार को कुल्लू, किन्नौर, चंबा और लाहौल-स्पीति के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां भारी बर्फबारी और बारिश की उम्मीद है. बाकी नौ जिलों में येलो अलर्ट है, जिसमें ठंडा दिन, गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका है.
बड़ी संख्या में पहुंचे पर्यटक
वहीं, लंबे वीकेंड और गणतंत्र दिवस की छुट्टियों के कारण बर्फ देखने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचे, लेकिन बर्फबारी ने सड़कों को अवरुद्ध कर दिया.
समाचार एजेंसी की रिपोर्ट्स के अनुसार, कोठी से मनाली के बीच 8-15 किलोमीटर तक जाम लगा रहा, जहां हजारों पर्यटक 24 घंटे से अधिक समय तक अपनी गाड़ियों में फंसे रहे. कुछ ने 4-5 घंटे या उससे अधिक पैदल चलकर होटल पहुंचे. कई पर्यटकों ने सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर किए, जिसमें वे जाम, ठंड और भूख-प्यास से परेशान दिख रहे हैं. होटल पूरी तरह भर चुके हैं, जबकि सड़कों पर जाम की वजह से नए पर्यटक पहुंच ही नहीं पा रहे.
कुल्लू-मनाली में बर्फ देखने पहुंचे पर्यटकों के लिए स्थिति काफी चुनौतीपूर्ण हो गई है. सड़कों पर 15-15 किलोमीटर लंबी गाड़ियों की कतारें देखी जा रही हैं और लोग 10-10 घंटे तक जाम में फंसे रहे. कुल्लू में एनएच 305 (सैंज-लुहरी-औट) भी बंद पड़ा है. प्रशासन लगातार सड़कों से बर्फ हटाने का काम कर रहा है, लेकिन लगातार हो रही बर्फबारी और खराब मौसम के कारण राहत कार्यों में बाधा आ रही है.
इसी को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है, जिसमें पर्यटकों से मनाली जाने से पहले मौसम और सड़क स्थिति की जानकारी लेने की अपील की गई है.
दिल्ली में साफ हुई हवा
एक तरफ पहाड़ों पर बर्फबारी है तो दूसरी तरफ दिल्ली की वायु गुणवत्ता में सुधार देखा गया है. रविवार को दिल्ली का एक्यूआई (AQI) 153 दर्ज किया गया जो 'मध्यम' श्रेणी में आता है.
राजस्थान में बारिश की संभावनाएं
वहीं, राजस्थान में भी मौसम बदलने वाला है. वहां 26-27 जनवरी को पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से बीकानेर, जयपुर और भरतपुर जैसे संभागों में हल्की से मध्यम बारिश और ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है. राजस्थान में न्यूनतम तापमान में 2-4 डिग्री की बढ़ोतरी होने से शीतलहर से राहत मिल सकती है.