ईरान जंग की वजह से मिडिल ईस्ट में अस्थिरता बनी हुई है. (Photo: AP) US-Israel-Iran War LIVE Updates: अमेरिका-इजरायल और ईरान जंग का आज 14वां दिन है. दोनों पक्षों की ओर से हमले लगातार तेज हो रहे हैं. ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई ने पद संभालने के बाद गुरुवार को पहला सार्वजनिक बयान जारी किया. इस दौरान उन्होंने अमेरिका को चेताते हुए कहा कि वह मिडिल ईस्ट में मौजूद अमेरिकी सैन्यअड्डों को बंद कर दे वरना उन पर हमले जारी रहेंगे.
इस बीच वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान से फोन पर बात की. पीएम मोदी ने पेजेश्कियान से मिडिल-ईस्ट के हालात पर चर्चा की. उन्होंने क्षेत्र में बढ़ते तनाव, नागरिकों की मौत और सिविल इंफ्रास्ट्रक्चर को हुए नुकसान पर गहरी चिंता जताई. मिडिल ईस्ट जंग की पल-पल की अपडेट जानने के लिए इस पेज से जुड़े रहें:-
अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने गुरुवार को बताया कि ईरान के साथ जारी जंग के बीच इराक के फ्रेंडली एयरस्पेस में एक सैन्य विमान क्रैश हो गया. सेना ने जारी बयान में कहा कि इस घटना में दो विमान शामिल थे. एक विमान पश्चिमी इराक में गिर गया, जबकि दूसरा सुरक्षित रूप से उतरने में सफल रहा. कमांड ने यह भी स्पष्ट किया कि यह घटना न तो दुश्मन की गोलीबारी के कारण हुई और ना ही मित्र देशों की फायरिंग के कारण हुई है.

मिडिल ईस्ट में युद्ध शुरू होने के बाद से अब तक लगभग 47,000 अमेरिकी नागरिक मध्य पूर्व से वापस अमेरिका लौट चुके हैं. यह जानकारी गुरुवार को विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने दी. अधिकारी के अनुसार, लगभग 32,000 प्रभावित अमेरिकी नागरिकों को सीधे तौर पर सुरक्षा संबंधी मार्गदर्शन और यात्रा में सहायता दी गई.
मिडिल ईस्ट की जंग लगातार बढ़ रही है. इस बीच इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का कहना है कि हमारे हमलों में ईरान के कई बड़े परमाणु वैज्ञानिक मारे गए हैं. उन्होंने ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई की आलोचना करते हुए उन्हें रिवोल्यूशनरी गार्ड्स की कठपुतली बताया. नेतन्याहू ने ईरान की जनता से कहा कि आजादी का नया रास्ता आने वाला है और इजराइल उनके साथ है. अब आगे क्या होगा, यह ईरान की जनता के हाथों में है.
संयुक्त राष्ट्र में ईरान ईरान के राजदूत आमिर सईद इरावानी ने गुरुवार को कहा कि ईरान होर्मुज स्ट्रेट को बंद नहीं करने जा रहा है, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि इस रास्ते की शांति और सुरक्षा बनाए रखना ईरान का अपना हक है. उन्होंने ये बात संयुक्त राष्ट्र में मीडिया से बात करते हुए कही.
ईरान ने धमकी दी है कि अगर US और इजरायल ने उसके अपने एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमला किया तो वह इस इलाके की तेल और गैस इंडस्ट्री में तबाही मचा देगा. ईरानी सेना के सेंट्रल ऑपरेशनल कमांड खतम अल-अनबिया के एक प्रवक्ता ने कहा, ईरान के एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर और पोर्ट पर जरा सा भी हमला होने पर हम इस इलाके के तेल और गैस को आग लगा देंगे.
ईरान से जंग शुरू होने के बाद इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने गुरुवार को पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस की. उन्होंने कहा कि लगभग दो हफ्ते तक US-इजरायली हमलों के बाद ईरान अब पहले जैसा नहीं रहा और उसकी खास सेनाओं को भी झटका लगा है. नेतन्याहू ने कहा कि उन्होंने US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप से लगभग हर दिन बात की.
मिडिल ईस्ट में चल रही जंग के बीच गुरुवार को दुनियाभर में स्टॉक्स गिरे और ईरान के साथ US-इजरायल युद्ध का कोई साफ अंत नहीं दिखा. S&P 500 में 1.4% की गिरावट रही. डाऊ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 674 पॉइंट्स या 1.3% नीचे रहा. नैस्डैक कंपोजिट 1.6% नीचे था. इस कारण कच्चे तेल की कीमत में फिर उछाल आया है. ब्रेंट क्रूड की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई है.
ईरान के सैन्य कमांड सेंटर खतम अल-अनबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर ने चेतावनी दी है कि अगर देश के एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर या पोर्ट्स पर कोई हमला हुआ तो करार जवाब दिया जाएगा. सेंट्रल हेडक्वार्टर के प्रवक्ता ने कहा कि अगर इन ठिकानों पर हमला हुआ तो हम पूरे इलाके में तेल एवं गैस से जुड़े ठिकानों को निशाना बनाएंगे. इसके गंभीर परिणाम भुगतना पड़ेंगे.