दुनिया के सबसे बड़े मुस्लिम आबादी वाले देश इंडोनेशिया से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने तीन देशों के दौरे की शुरुआत की है. जकार्ता में उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया, जहां राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो के साथ रक्षा, समुद्री सुरक्षा, व्यापार और सांस्कृतिक रिश्तों को नई मजबूती देने पर अहम बातचीत होगी. (Photo: AFP)
सोमवार दोपहर जकार्ता पहुंचे पीएम मोदी का एयरपोर्ट पर इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो ने इस्तकबाल किया. मंगलवार को होने वाली बैठक में दोनों नेताओं के बीच रक्षा और समुद्री साझेदारी, जरूरी खनिजों, खाद्य सुरक्षा और डिजिटल अर्थव्यवस्था जैसे क्षेत्रों में आपसी सहयोग पर चर्चा होने की उम्मीद है. (Photo: AFP)
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का 6 जुलाई 2026 को इंडोनेशिया में भारतीय समुदाय द्वारा गर्मजोशी से स्वागत किया. (Photo: PIB)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को इंडोनेशिया, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के तीन देशों के दौरे की शुरुआत की. उन्होंने कहा कि 6 से 11 जुलाई तक चलने वाला यह दौरा भारत की 'एक्ट ईस्ट पॉलिसी', 'महासागर विजन' और आजाद व खुले 'इंडो-पैसिफिक' क्षेत्र के प्रति हमारे नजरिए को और मजबूत करेगा." (Photo: PIB)
नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, "एयरपोर्ट पर राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो के स्वागत करने के अंदाज से मैं बहुत प्रभावित हुआ. 2018 में हमने अपने रिश्तों को 'व्यापक रणनीतिक साझेदारी' के स्तर तक पहुंचाया था, जिससे हमारे लोगों को फायदा हुआ है. इस दौरान, राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो और मैं अलग-अलग क्षेत्रों में इस साझेदारी को और गति देने के लिए बातचीत करेंगे." (Photo: PIB)
पीएम मोदी का यह इंडोनेशिया का चौथा दौरा है, लेकिन मई 2018 में रिश्तों को 'व्यापक रणनीतिक साझेदारी' का दर्जा मिलने के बाद यह उनकी पहली द्विपक्षीय यात्रा है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, "राष्ट्रपति प्राबोवो और मैं योग्याकार्ता में प्रम्बानन मंदिर परिसर का दौरा करेंगे. इससे हमारे देशों के बीच सांस्कृतिक संबंध और मजबूत होंगे." (Photo: PIB)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो के बीच बातचीत से प्रस्तावित ब्रह्मोस मिसाइल डील के आगे बढ़ने की उम्मीद है. इंडोनेशिया में भारत के राजदूत संदीप चक्रवर्ती ने बताया है कि यह डील अब एडवांस स्टेज में है. दोनों देशों के बीच व्यापार पहले से ही 28.15 अरब डॉलर का है, इसलिए आर्थिक संबंध मजबूत बने हुए हैं. अहम खनिजों के मामले में सहयोग भी बातचीत का मुख्य हिस्सा रहने की उम्मीद है, क्योंकि इंडोनेशिया, जहां दुनिया का लगभग 21% निकेल भंडार है, भारत के लिए एक अहम पार्टनर के तौर पर उभर रहा है. (Photo: PIB)