scorecardresearch
 

हर समय टेंशन में रहते हैं? जानिए कैंसर से इसका क्या है संबंध, AIIMS के डॉक्टर ने बताया कितना खतरा

कैंसर आज भी एक खतरनाक बीमारी है. इसके होने के कई कारण हैं, लेकिन क्या हर समय टेंशन में रहने और मानसिक तनाव लेने से भी कैंसर होता है? ये जानने के लिए हमने AIIMS नई दिल्ली में सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग में प्रोफेसर डॉ. एम.डी. रे से बातचीत की है.

Advertisement
X
मानसिक तनाव से कैंसर का कितना खतरा ( PHOTO- Pixels)
मानसिक तनाव से कैंसर का कितना खतरा ( PHOTO- Pixels)

पिछले साल द जर्नल ऑफ अमेरिकन मेडिकल एसोसिएशन (JAMA) में एक स्टडी प्रकाशित हुई थी. इसमें बताया गया था कि  
भारत में हर 9 में से 1 व्यक्ति को कैंसर होने का का खतरा है. ये आंकड़े बताते हैं कि देश में यह बीमारी कितना बड़ा खतरा बन रही है .शरीर में कैंसर होने के कई कारण हैं, लेकिन क्या हर समय टेंशन में रहना और मेंटल स्ट्रेस लेना भी इसके रिस्क को बढ़ाता है?  इस सवाल का जवाब जानने से पहले ये समझते हैं कैंसर है क्या और यह कैसे होता है. 

हमारे शरीर में कई अरब सेल्स हैं. किसी को कैंसर तब होता है जब उसके शरीर की सेल्स असामान्य हो जाती हैं और तेजी से बढ़ती रहती हैं. जिस हिस्से में सेल्स ऐसे बढ़ती हैं, वहां गांठ बन सकती हैं जिसे ट्यूमर कहा जाता है. कुछ मामलों में ये ट्यूमर कैंसर वाला होता है. इसका पता बायोप्सी टेस्ट से चलता है. अगर इस टेस्ट में कैंसर की पुष्टि होती है तो फिर डॉक्टर पॉजिट्रॉन एमिशन टोमोग्राफी (पीईटी) स्कैन करते हैं. इससे यह साफ हो जाता है कि कैंसर कहां और कितना फैला हुआ है. इसके आधार पर ही आगे का इलाज शुरू किया जाता है.

क्या मानसिक तनाव और टेंशन में रहने से भी कैंसर हो सकता है? 

इस बारे में जानने के लिए हमने AIIMS नई दिल्ली में सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग में प्रोफेसर डॉ. एम.डी. रे  से बातचीत की है.

Advertisement

डॉ. रे कहते हैं कि कैंसर होने के भी कई कारण हैं. हमारे आसपास कई ऐसे केमिकल, फिजिकल और बायोलॉजिकल एजेंट हैं जो सेल के ब्लूप्रिंट में ऐसी गड़बड़ियां पैदा करते हैं जिनसे कैंसर होता है. इन्हें ही कार्सिनोजेन कहा जाता है. मतलब जो भी कोई चीज कैंसर कर सकती है, उसको मेडिकल की भाषा में कार्सिनोजेन कहते हैं. 

क्या मानसिक तनाव से कैंसर होता है? इस सवाल के जवाब में डॉ रे कहते हैं कि मानसिक तनाव के कारण शरीर में हार्मोनल चेंज होते हैं और कुछ लोगों में सूजन भी हो जाती है. यह कैंसर का खतरा बढ़ाते हैं. जब मानसिक तनाव दूसरे रिस्क फैक्टर के साथ हो तो कैंसर होने का रिस्क रहता है. यह इस बात पर भी निर्भर करता है कि मानसिक तनाव लेने वाले व्यक्ति का लाइफस्टाइल और खानपान कैसा है. अगर यह बिगड़ा हुआ है तो फिर कैंसर होने की आशंका अधिक रहती है. 

डॉ रे कहते हैं कि बीते कुछ सालों में लोगों में मानसिक तनाव काफी बढ़ा है. इससे कई दूसरी बीमारियां भी हो रही हैं. लंबे समय तक मानसिक तनाव में रहना कैंसर के रिस्क को भी बढ़ा सकता है. यहां तक की मानसिक तनाव से डीएनए में चेंज होने का भी रिस्क होता है. 

कैंसर

यह भी पढ़ें: एम्स भोपाल: कैंसर पीड़ित 3 साल के बच्चे को दवा की जगह लगाया 'फॉर्मेलिन' केमिकल का इंजेक्शन; मासूम की तड़पकर मौत, दो नर्सों पर FIR

Advertisement

कैंसर होने के प्रमुख कारण क्या हैं 

डॉ रे बताते हैं कि कैंसर होने के मुख्य कारण  गलत खानपान और बिगड़ा हुआ लाइफस्टाइल है, लेकिन अब प्रदूषण भी एक बड़ा रिस्क फैक्टर है. अब जो लोग सिगरेट नहीं पीते हैं उनमें भी लंग्स कैंसर के मामले आते हैं. यह सब प्रदूषण के कारण होता है. कैंसर के दूसरे साबित कारणों में ज़्यादा वज़न और मोटापा, अल्ट्रावायलेट रेडिएशन (UV), शराब का सेवन प्रोसेस्ड मीट और HPV का इन्फेक्शन शामिल हैं. 

कैंसर का इलाज है मुमकिन

कैंसर का जितना जल्दी पता चल जाए उतना बेहतर है. इससे इसका इलाज आसानी से हो सकता है. हालांकि कई लोगों को लगता है कि कैंसर का कोई इलाज नहीं है, लेकिन ऐसा बिलकुल नहीं है. इलाज मुमकिन है. आज के समय में कई तरह की तकनीके आ गई हैं. इम्यूनोथेरेपी से लेकर टार्गेटेड थेरेपी कैंसर के इलाज में बदलाव ला रही है. यह अंतिम स्टेज के कैंसर मरीज की जान बचाने में भी कारगर साबित हो सकती हैं.

यह भी पढ़ें: WHO ने जिसे बताया 'कैंसर', वो केमिकल भारत में क्यों बिक रहा? अन्नदाता किसानों पर खतरा

कैंसर से बचना है तो क्या करना चाहिए 

डॉ रे ने कैंसर से बचने के लिए ये तरीके बताए हैं

धूम्रपान न करें

वज़न सही बनाए रखें

नियमित रूप से व्यायाम करें

Advertisement

पौष्टिक आहार लें

अगर शराब पीते भी हैं, तो बहुत कम मात्रा में लें या छोड़ने की कोशिश करें 

अधिक धूप से अपना बचाव करें

एचपीवी, हेपेटाइटिस बी, सी और किसी भी खतरनाक संक्रमण से अपना बचाव करें

नियमित रूप से स्क्रीनिंग टेस्ट करवाएं

शरीर में कोई गांठ दो हफ्ते से ज्यादा है तो इसकी जांच कराएं

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement