क्रिकेटर युजवेंद्र चहल और धनश्री की शादी महज 5 साल ही चली. इसके बाद कपल 2025 में तलाक लेकर अलग हो गया.
लेकिन तलाक के बाद जिंदगी ने ऐसा मोड़ लिया कि टीम इंडिया का सबसे हंसमुख स्पिनर टूट गया. नशे ने चहल को इस कदर जकड़ लिया कि उन्हें रिहैब सेंटर तक जाना पड़ा.
आकाश चोपड़ा के पॉडकास्ट 'बैठ एंड बोल' पर चहल ने दिल खोलकर बात की. उन्होंने कहा कि उन्हें नशे की लत लग गई थी. 'सब लिमिट क्रॉस हो गया था, तो मैं 26 दिन रिहैब सेंटर में रहा.'
चहल ने कहा- तलाक के बाद मेरा मेंटल स्टेट ठीक नहीं था, चीजें हद से ज्यादा हो गईं थीं. समझ गया था कि अगर ऐसे ही चलता रहा तो जिसे सबसे ज्यादा प्यार करता हूं, वो क्रिकेट ही खत्म हो जाएगा.
शराब के साथ-साथ एंजाइटी और पैनिक अटैक ने भी चहल की नींद उड़ा दी थी. पब्लिक की नजरें, ट्रोलिंग और अकेलेपन ने उन्हें अंदर से तोड़ दिया था.
इस काले दौर में चहल के बेस्ट फ्रेंड और फैमिली ने उन्हें संभाला. उन्हीं के सपोर्ट से उन्होंने प्रोफेशनल मदद लेने का बड़ा फैसला लिया.
26 दिन के रिहैब ने चहल को इमोशन्स कंट्रोल करना सिखा दिया. वहीं से उनका फिटनेस, फोकस और कॉन्फिडेंस वापस लौटा.
चहल ने अपना बुरा दौर याद करते हुए कहा- अब मैं ज्यादा हैप्पी और बेहतर जगह पर हूं. शराब पर कंट्रोल करना सीख लिया है, क्या करना है, कैसे करना है सब समझ आ गया है.
मार्च 2025 में धनश्री वर्मा से तलाक के बाद से ही चहल सुर्खियों में थे. पॉडकास्ट में भी उन्होंने माना कि पर्सनल लाइफ के जख्म प्रोफेशनल चोट से ज्यादा गहरे होते हैं. इस दौरान चहल का नाम आरजे महवश के साथ भी खूब जुड़ा था. दोनों अक्सर साथ में दिखाई देते थे.