बॉबी देओल इन दिनों अपनी नई फिल्म बंदर को लेकर चर्चा में बने हुए हैं. वो पहली बार फिल्ममेकर अनुराग कश्यप के साथ किसी प्रोजेक्ट में जुड़े थे. ये फिल्म दुनियाभर के फिल्म फेस्टिवल में जाकर वहां नाम कमा चुकी है. अब लंबे समय के बाद इसे इंडिया के थिएटर्स में रिलीज किया जाएगा, जिसे देखने के लिए लोग काफी एक्साइटेड भी हैं.
बॉबी की फिल्म बंदर काफी डार्क है. इसमें उनका किरदार डेटिंग ऐप की वजह से जेल में चला जाता है. ट्रेलर में दिखाया गया था कि बॉबी का किरदार समीर, एक लड़की से मिलता है. वो उसके साथ चैट करता है और बाद में जाकर पुलिस उसे पकड़कर ले जाती है. समीर का दावा है कि उनका केस झूठा है. लड़की भी एक सस्पेंस क्रिएट करती है. फिल्म बंदर ने कई लोगों को ये विश्वास दिलाया है कि इसमें औरतों को गलत तरीके से दिखाया जा सकता है.
क्या है बंदर फिल्म का प्लॉट?
अनुराग कश्यप की फिल्म बंदर कई सवाल पैदा कर रही है. अब खुद इसके प्रोड्यूसर निखिल द्विवेदी ने टाइम्स नाऊ संग बातचीत में बॉबी की फिल्म का प्लॉट बता दिया है. उन्होंने साफ कहा कि ये फिल्म महिलाओं के खिलाफ नहीं बनाई गई है. बल्कि एक शख्स को न्याय मिलने पर है.
निखिल ने कहा- हमारी फिल्म महिलाओं के खिलाफ नहीं है. ट्विशा शर्मा के साथ जो कुछ हो रहा है, उसे हम भी देख रहे हैं. ये बहुत दुख की बात है. इसकी अच्छे से जांच होनी चाहिए. अगर वहां कोई अपराध हुआ है, तो जो लोग इसमें शामिल हैं, उन्हें सजा मिलनी चाहिए. ये एंटी-वुमन फिल्म नहीं है, ये प्रो-जस्टिस फिल्म है.
'हमें ये समझना चाहिए कि कोई ये नहीं कह रहा कि अगर किसी महिला के साथ गलत हुआ है तो उस पर यकीन मत करो. लेकिन न्याय पर भी यकीन करना जरूरी है. हम किसी खास जेंडर से ज्यादा न्याय पर यकीन करना चाहते हैं. यही हमारा संविधान और कानून की सबसे बड़ी खासियत है. यहीं हमारी लोकतंत्र की नींव है. न्याय की जीत होनी चाहिए.'
बॉबी देओल की फिल्म बंदर 5 जून को थिएटर्स में रिलीज होनी है. इसमें सबा आजाद, सान्या मल्होत्रा, रिद्धि सेन, जितेंद्र जोशी, सपना पब्बी जैसे जाने-माने कलाकार हैं.