इस दौरान राहुल गांधी ने कहा, 'यह घोषणा-पत्र बंद कमरे से नहीं बनाया गया है, बल्कि सूबे के लोगों से पूछकर तैयार किया गया है. हमने जनता को ये नहीं कहा कि हम क्या करेंगे, हमने उनसे पूछा कि आप क्या चाहते हैं. इसके लिए हम हर जिले, हर ब्लॉक, हर समुदाय और वर्ग तक गए और वो क्या चाहते हैं ये पूछा.'
पार्टी घोषणापत्र जारी करते हुए राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी निशाने पर लिया. उन्होंने कहा, 'पीएम मोदी अपने मन की बात करते हैं. लेकिन हमारे इस घोषणापत्र में कर्नाटक की जनता के मन की बात है.'
बीजेपी का मेनिफेस्टो जनता का नहीं, आरएसएस का होगा
उन्होंने पीएम मोदी और बीजेपी पर वादे पूरे न करने का भी आरोप लगाया. साथ ही कहा कांग्रेस ने अपने सभी वादों को पूरा किया है. राहुल ने इस दौरान ये भी कहा कि बीजेपी कर्नाटक की संस्कृति का सम्मान नहीं करती है. राहुल ने कहा कि बीजेपी में 3-4 लोग घोषणा-पत्र बनाते हैं. राहुल ने कहा कि बीजेपी का मेनिफेस्टो कर्नाटक की जनता का नहीं, बल्कि आरएसएस का होगा.
15 लाख का खोखला वादा किया
राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के काला धन वापस आने पर हर खाते में 15 लाख रुपये आने वाले वादे का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि एक रुपया भी किसी खाते में नहीं आया. राहुल ने पीएम मोदी का भ्रष्टाचार मुक्त सरकार का वादा याद दिलाते हुए राफेल और बैंक घोटालों का हवाला दिया.
मेनिफेस्टो जारी करने के बाद राहुल गांधी दक्षिण कन्नड़ जिले के श्री धर्मस्थल मंजुनाथेश्वर मंदिर गए. जहां उन्होंने पूजा अर्चना की. मंदिर दर्शन के बाद राहुल कोडागु जिले में एक जनसभा करनी है. इसके बाद वह मैसूर में उनकी एक जनसभा है.Congress President performs puja at Shri Dharmasthala Manjunatheshwara Temple, District Dakshina Kannada... He will tour the poll bound state on May3rd and 4th again...
— Supriya Bhardwaj (@Supriya23bh)
बता दें कि कर्नाटक विधानसभा चुनाव में अब बहुत ही कम वक्त बचा है. जिसके मद्देनजर प्रमुख पार्टियां अपने अंतिम दांव खेल रही हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को ही बीजेपी के सभी 224 उम्मीदवारों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जीत का मंत्र दिया. जिसके बाद वह खुद 1 मई से कर्नाटक में चुनाव प्रचार के लिए उतरने वाले हैं.