बिहार में खगड़िया लोकसभा क्षेत्र के तहत आने वाली परबत्ता विधानसभा सीट पर आरजेडी और जेडीयू के बीच टक्कर है. आरजेडी ने दिगंबर प्रसाद तिवारी और जेडीयू ने डॉ. संजीव कुमार को मैदान में उतारा है. जबकि एलजेपी ने आदित्य कुमार शियोर और रालोसपा ने अंगद कुमार कुशवाहा को टिकट दिया है. इस सीट पर तीन नवंबर को हुए चुनाव में 60.24% मतदान दर्ज किया गया. नतीजे 10 नवंबर को आएंगे.
परबत्ता विधानसभा सीट अहम है. 2015 के चुनावों में जदयू के रामानंद प्रसाद सिंह जीते थे. परबत्ता सीट पर जदयू पांच बार जीत दर्ज करा चुकी है. इस बार जदयू को महागठबंधन की तरफ से राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) से चुनौती मिल सकती है.
क्या थे 2015 के नतीजे
बहरहाल, 2015 के चुनावों में जदयू के रामानंद प्रसाद सिंह ने 76,248 (45.1%) मत के साथ जीत हासिल की थी. उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्ंवदी भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के रामानुज चौधरी को मात दी थी. रामानुज चौधरी को 47,324 (28.0%) मत मिले थे. वहीं जन अधिकार पार्टी के सुहेली मेहता को 23,137 (13.7%) मतों के साथ तीसरे स्थान पर रहे.
इसी तरह, 2010 के विधानसभा चुनावों में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) सम्राट चौधरी ने 60,428 (42.8%) मतों के साथ जीत हासिल की थी. जदयू के रामानंद प्रासद सिंह 59,620 (42.2%) मतों के साथ दूसरे स्थान पर रहे थे. वहीं नरेश प्रसाद बादल 10,385 (7.4%) मतों के साथ तीसरे स्थान पर रहे.
परबत्ता सीट का इतिहास
वर्ष 1951 के चुनाव में कुमार त्रिवेनी (सोशलिस्ट पार्टी), 1952 में कुमार त्रिवेनी (प्रजा सोशलिस्ट पार्टी), 1957, 1962 के चुनावों में लक्ष्मी देवी (कांग्रेस), 1964 के उपचुनाव में एससी मिश्रा (कांग्रेस), 1967 सतीश प्रसाद (संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी), 1969 जगदंब प्रसाद मंडल (कांग्रेस), 1972 शिवकांत मिश्रा (कांग्रेस), 1977 नइम अख्तर (निर्दलीय), 1980, 1985 राम चंद्र मिश्रा (कांग्रेस), 1990, 1995 विद्या सागर निषाद (जनता दल) ने जीत हासिल की थी.
सामाजिक ताना-बाना
जनगणना 2011 के मुताबिक परबत्ता विधानसभा क्षेत्र की कुल आबादी 445531 है इसमें 91.53% लोग गांव और 8.47% जनसंख्या शहर में रहती है. इसमें अनुसूचित जाति और जनजाति का अनुपात क्रमशः 6.96 और 0.03 फीसदी है. 2015 के विधानसभा चुनावों में 59.14% मतदान हुए थे.