अन्ना हजारे ने आंदोलनकारियों से अपील की है कि वे देशहित में क्रांति की मशाल को बीच में बुझने न दें. उन्होंने कहा कि अन्ना रहे न रहे, क्रांति की मशाल जलनी चाहिए.
तिहाड़ जेल परिसर से बाहर आने के तुरंत बाद अन्ना हजारे ने आंदोलनकारियों को धन्यवाद देकर आभार प्रकट किया. उन्होंने कहा कि 15 अगस्त, 1947 को हमारा देश आजाद हुआ, पर 16 अगस्त से आजादी की दूसरी लड़ाई शुरू हो गई है.
अन्ना ने कहा कि पिछले 4 दिनों में उनका वजन तीन किलो कम हो गया है, पर वे पूरी तरह स्वस्थ हैं. उन्होंने कहा कि जेल के बाहर ज्यादा भीड़ होने के कारण वे अब बाद में बातें करेंगे. बहरहाल, अन्ना की आंधी से सियासी हलकों में बेचैनी देखी जा रही है..| आंदोलन से जुड़े अपने अनुभव, खबरें, फोटो हमें पर भेजें. हम उसे आजतक की वेबसाइट पर प्रकाशित करेंगे. |
तिहाड़ जेल पिछले तीन दिनों से देश और दुनिया के आकषर्ण का केंद्र बना हुआ है. गौरतलब है कि 16 अगस्त से जेपी पार्क में अनशन शुरू करने से पहले मयूर विहार स्थित एक फ्लैट से पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और तिहाड़ जेल भेज दिया गया था. बाद में इस विषय में अनशन की अवधि और स्थान पर बने गतिरोध को दूर करते हुए उन्हें रामलीला मैदान में 14 दिनों तक अनशन करने की अनुमति प्रदान की गई थी.
दिल्ली समेत अनेक शहरों में लोग हाथों में तिरंगा लिए, सिर पर गांधी टोपी लगाए देशभक्ति गीत गा रहे हैं. लोगों के हाथों में जल रही मोमबत्तियों से दिवाली जैसा माहौल बना हुआ है.
तिहाड़ जेल के बाहर इंडिया अगेंस्ट करप्शन के कार्यकर्ताओं ने वहां मौजूद समर्थकों के साथ मिलकर जेल के महानिदेशक कार्यालय के बाहर संगीत सभा का आयोजन किया. सुरों की इस महफिल में देशभक्ति के गाने और भजन गाए गए.
दिल्ली सरकार के अनुसार, वह अन्ना के अनशन स्थल रामलीला मैदान पर लोगों के लिए पेयजल, बिजली और शौचालय की सुविधाएं मुहैया कराएगी. दिल्ली के मुख्य सचिव पीके त्रिपाठी ने कहा कि सुविधाएं तभी दी जाएंगी, जब टीम अन्ना उनके पास आएगी.