अन्ना हजारे ने कहा है कि भ्रष्टाचार खत्म होने तक वे चुप नहीं बैठेंगे. जनलोकपाल के लिए आंदोलन जारी रखने के बारे में उन्होंने कहा कि अनशन तो महज शुरुआत है, अभी आगे लंबा रास्ता तय करना है.
अन्ना हजारे ने खास तौर पर युवा शक्ति का आह्वान करते हुए कहा कि भ्रष्टाचार के खिलाफ जो मशाल जलाई गई है, इसे बुझने नहीं देना है. उन्होंने कहा कि आंदोलन की राह में कई कठिनाइयां मिलेंगी, लेकिन इन कठिनाइयों से हमें डरना नहीं है.
सरकार के रवैए पर रोष जताते हुए अन्ना हजार ने कहा कि सरकार चलाने वाले लोगों में कई झूठे हैं. इस वजह से देश में संकट की स्थिति है. उन्होंने कहा कि सरकार में बैठे लोगों की छवि साफ होनी चाहिए.
अन्ना हजारे ने कहा कि एक समय कांग्रेस में लालबहादुर शास्त्री और सरदार वल्लभभाई पटेल जैसे नेता थे. उन्होंने कहा कि ऐसे महान नेताओं का गहरा प्रभाव समय पर पड़ता था. मौजूदा परिस्थितियों पर निराशा जाहिर करते हुए उन्होंने कहा कि आज संविधान का पालन सही तरीके से नहीं हो रहा है.