
20 मार्च की रात थी और इलाका मध्य प्रदेश के सागर जिले का चनाटोरिया. यहां सड़क किनारे धू-धू कर जलती एक कार को देख रास्ते से गुजरने वाले इक्के दुक्के राहगीर सहम गए. खबर मिली तो पुलिस मौके पर पहुंची और नजारा देख चौंक गई. शुरुआत में इसे एक दर्दनाक हादसा माना जा रहा था, लेकिन जब राख के नीचे से सुराग निकले, तो एक ऐसी साजिश का पर्दाफाश हुआ जिसे सुनकर रूह कांप जाए. यह कोई एक्सीडेंट नहीं, बल्कि एक पत्नी का 'कोल्ड ब्लडेड मर्डर' था.
पुलिस की मानें तो 20 मार्च की रात तकरीबन 2 बजे डॉक्टर नीलेश कुर्मी अपने घर लौटा. घर में पहले से ही नीलेश के किसी दूसरी युवती के साथ अवैध संबंधों को लेकर चिंगारी सुलग रही थी. जैसे ही नीलेश घर पहुंचा, पत्नी सीमा कुर्मी के साथ उसका तीखा विवाद शुरू हो गया. गुस्से में पागल डॉक्टर ने अपनी ही जीवनसंगिनी का गला घोंट दिया.
जब सीमा अचेत होकर गिर पड़ी, तो कातिल पति ने अपनी साजिश को अंजाम देना शुरू किया. उसने अपने दो किराएदारों, रामकृष्ण और शुभम को बुलाया और झूठ बोला कि सीमा को 'हार्ट अटैक' आया है.
मासूम बेटी से बोला- मां को अस्पताल ले जा रहा हूं
हंगामा सुनकर नीलेश की मासूम बेटी की नींद खुल गई. बाप के हाथ अपनी मां के खून से सने थे, लेकिन उसने बेटी की आंखों में आंखें डालकर सफेद झूठ बोला, ''तुम्हारी मां की तबीयत खराब है, उसे डॉक्टर के पास ले जा रहा हूं, तुम अंदर से दरवाजा बंद कर लो." उसे क्या पता था कि उसका पिता उसकी मां को अस्पताल नहीं, बल्कि मौत की घाटी की ओर ले जा रहा है.

50 किमी का सफर और 'अग्नि-कांड'
आरोपी डॉक्टर ने सीमा को कार में डाला और गढ़ाकोटा रोड पर करीब 50 किमी दूर चनाटोरिया के पास एक सुनसान मोड़ पर पहुंचा. रात के करीब 4 बज रहे थे. नीलेश ने कार रोकी, सीमा के शरीर पर पेट्रोल छिड़का और माचिस सुलगा दी.
हैरान करने वाली बात यह है कि नीलेश और उसके दोनों साथी कार के बाहर खड़े होकर सीमा को जलते हुए देखते रहे. न किसी ने उसे बचाने की कोशिश की और न ही पुलिस को फोन किया.
ढह गया झूठ का किला
साजिश को हादसा दिखाने के लिए शातिर डॉक्टर ने तीन अलग-अलग कहानियां गढ़ीं. ससुर को बताया कि सीमा को हार्ट अटैक आया था. पुलिस से कहा कि किसी ट्रक ने टक्कर मार दी थी तो गाड़ी में आग लग गई. बाद में कहने लगा कि कार के CNG टैंक में ब्लास्ट हो गया.

लेकिन पुलिस को शक तब हुआ जब देखा गया कि कार का सीएनजी टैंक पूरी तरह सही सलामत था. यानी धमाका नहीं हुआ था, बल्कि आग लगाई गई थी. टोल नाके के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज ने डॉक्टर की लोकेशन और समय का पर्दाफाश कर दिया.

कत्ल की वजह थी 'वो'
पुलिस की जांच में खुलासा हुआ कि डॉक्टर नीलेश का किसी दूसरी युवती से अफेयर चल रहा था. सीमा को इसकी भनक लग चुकी थी और वह इसका कड़ा विरोध कर रही थी. रोज-रोज के झगड़ों से पीछा छुड़ाने के लिए डॉक्टर ने अपनी पत्नी को रास्ते से हटाने का यह वीभत्स प्लान बनाया.
पुलिस का आधिकारिक बयान
एडिशनल एसपी लोकेश सिन्हा ने बताया, "शुरुआती जांच में यह मामला संदिग्ध लगा. आरोपी डॉक्टर ने अपना जुर्म कुबूल कर लिया है. उसने अपनी पत्नी को कार के अंदर ज्वलनशील पदार्थ डालकर जलाया था. आरोपी पति और उसके दो साथियों को गिरफ्तार कर लिया गया है. अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है जिससे साफ होगा कि मौत गला घोंटने से हुई या उसे जिंदा जलाया गया?''