आयकर विभाग ने विदेशों में छुपायी गयी अवैध धन-संपत्ति का ऑनलाइन विवरण देने के लिये अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर ई-फाइलिंग लिंक शुरू की है. एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ऑनलाइन लिंक विभाग की आधिकारिक ई-फाइलिंग पोर्टल http:incometaxindiaefiling.gov.in पर यह लिंक उपलब्ध कराया गया है.
टैक्स विभाग के अधिकारी ने कहा कि और आस्ति (कर अधिरोपण) अधिनियम 2015 में उपलब्ध अनुपालन खिड़की के तहत अघोषित संपत्ति की घोषणा के लिये फार्म 6 का इस्तेमाल किया जा सकता है. योजना के तहत किसी भी व्यक्ति अथवा उद्यम द्वारा ऑनलाइन भेजी जाने वाली जानकारी की वैधता के लिये डिजिटल हस्ताक्षर आवश्यक होंगे. डिजिटल हस्ताक्षर इलेक्ट्रॉनिक प्रणाली के जरिये भेजे गये दस्तावेज को उसी प्रकार प्रमाणित ठहराता है जिस प्रकार हाथ से लिखे अथवा प्रकाशित दस्तावेज को हाथ से किये गये हस्ताक्षर के जरिये सही ठहराया जाता है.
इस प्रकार जाली नहीं हो सकते और यह बताता है कि जिस व्यक्ति के हस्ताक्षर हैं वह दस्तावेजों को सही ठहराता है और उनसे सहमत है. इसके अलावा जो व्यक्ति अथवा कंपनी स्वयं दस्तावेज जमा कराना चाहते हैं उनके लिये निर्माता संस्था केन्द्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने पहले ही राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में एक आयकर आयुक्त को अधिसूचित कर दिया है.
सरकार ने अनुपालन खिड़की के तहत अवैध संपत्ति की घोषणा के लिये जुलाई से सितंबर 2015 तक तीन माह का समय दिया है. इस प्रकार घोषित संपत्ति पर कर का भुगतान 31 दिसंबर तक करना होगा.