राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में उठे रहे सवाल को लेकर कहा जा रहा है कि यह मामला केवल पैसों का नहीं है, बल्कि उस भरोसे का है जो करोड़ों श्रद्धालु हर दिन रामलला के चरणों में रखकर लौटते हैं. जब आस्था पर सवाल उठते हैं तो इसका जवाब केवल दस्तावेजों से नहीं दिया जा सकता, बल्कि पूरी पारदर्शिता के साथ देना जरूरी होता है.