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तीन साल में 87% गिरा... अब 3 दिन में 33% चढ़ा, अडानी का है ये स्‍टॉक!

अडानी ग्रुप के शेयरों में शानदार तेजी आई है. आज एक शेयर में 10 फीसदी की उछाल आई है, जो 3 दिन में 33 फीसदी उछला है और यह स्टॉक 623 रुपये के ऊपर पहुंच गया.

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अडानी के शेयरों में तेजी. (Photo: Pixabay)
अडानी के शेयरों में तेजी. (Photo: Pixabay)

शेयर बाजार में गिरावट के बीच अडानी के एक स्‍टॉक में शानदार तेजी देखी गई. तीन दिन में यह शेयर 33 फीसदी चल चुका है. हालांकि लॉन्‍गटर्म में इस शेयर में भारी गिरावट आई है. यह शेयर अपने हाई से 87 फीसदी टूटा हुआ है और अब 623 रुपये के ऊपर था. 

बुधवार को भी इस शेयर में उछाल देखने को मिली. यह शेयर 10 फीसदी से ज्‍यादा चढ़ गया और 623 रुपये पर आ गया. हम जिस शेयर की बात कर रहे हैं वह Adani Total Gas है. यह शेयर तीन दिनों में 33 फीसदी तक चढ़ा है. वहीं पांच साल का रिटर्न देखा जाए तो शेयर 15 फीसदी नीचे है और 1 साल के दौरान सिर्फ 4 फीसदी का रिटर्न है. 

कंपनी ने एक्‍सचेंजों से क्‍या कहा? 
कंपनी ने हाल ही में स्‍टॉक एक्‍सचेंजों को जानकारी दी कि वेस्‍ट एशिया में हाल ही में हुए भू-राजनीतिक एक्‍शन में तेजी के मद्देनजर, अडानी टोटल के कुछ गैस आपूर्तिकर्ताओं ने आपूर्ति में कटौती की है, जिससे बदले में उसके इंडस्‍ट्रियल कस्‍टमर्स की आपूर्ति प्रभावित हुई है. 

यह आदेश सरकार द्वारा सोमवार को घरेलू पाइपलाइन नेचुरल गैस (PNG) और परिवहन के लिए CNG के आवंटन को प्राथमिका देने के बाद जारी किया गया है. अडानी टोटल गैस ने एक एक्‍सचेंज फाइलिंग में कहा कि वह मौजूदा में केंद्र के आदेश के प्रभाव का आंकलन कर रही है और इसके प्रभाव को कम करने के लिए आवश्‍यक कदम उठा रही है. 

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एक्‍सपर्ट्स का क्‍या है कहना? 
कुछ विश्लेषक इस शेयर को लेकर बंटे हुए थे, एक ने मौजूदा निवेशकों को अपनी हिस्सेदारी बनाए रखने का सुझाव दिया, जबकि दूसरे ने हालिया गिरावट को बेचने का अवसर बताया. वहीं, एक अन्य विश्लेषक ने कहा कि अडानी टोटल को 570 रुपये पर मजबूत सपोर्ट है. वेल्थमिल्स सिक्योरिटीज की इक्विटी स्ट्रैटेजिस्ट क्रांति बाथिनी ने कहा कि पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के बीच अडानी टोटल घरेलू आपूर्ति पर अधिक फोकस कर रही है. 

उन्होंने आगे कहा कि फिलहाल, हम इस शेयर में मजबूत खरीदारी की दिलचस्पी देख रहे हैं. मौजूदा निवेशक अपनी हिस्सेदारी बनाए रखने पर विचार कर सकते हैं. इसके विपरीत, बोनान्ज़ा के वरिष्ठ तकनीकी अनुसंधान विश्लेषक कुणाल कांबले ने कहा कि शेयर में हाल ही में आई तेजी एक व्यापक गिरावट के भीतर एक पुलबैक प्रतीत होती है और इसे बेचने के अवसर के रूप में देखा जाना चाहिए.

उन्होंने आगे कहा कि साप्ताहिक चार्ट पर, शेयर अपने दीर्घकालिक गिरावट वाले ट्रेंडलाइन से नीचे कारोबार कर रहा है, जो लगातार संरचनात्मक कमजोरी को दिखाता है. हालिया उछाल लगभग 650-700 रुपये के महत्वपूर्ण रेंज के करीब पहुंच गया है, जहां आपूर्ति बढ़ने की संभावना है. मोमेंटम संकेतक यह भी संकेत देते हैं कि यह चाल एक स्थायी ट्रेंड रिवर्सल की बजाय शॉर्ट-कवरिंग रैली अधिक है. 

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(नोट- किसी भी शेयर में निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की मदद जरूर लें.) 

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