आतंकवाद, ऊर्जा और समुद्री सुरक्षा... क्वाड में विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने क्या मुद्दे उठाए

भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के विदेश मंत्रियों ने क्वाड की तीसरी बैठक में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, जरूरी खनिजों और समुद्री सुरक्षा के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई. उन्होंने इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में भरोसेमंद AI तकनीक के लिए 85 मिलियन अमेरिकी डॉलर की मदद देने का प्रस्ताव रखा.

Advertisement
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने शनिवार को 'क्वाड' देशों के बीच सहयोग को और बढ़ाने पर जोर दिया. (Photo: X/DrSJaishankar) विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने शनिवार को 'क्वाड' देशों के बीच सहयोग को और बढ़ाने पर जोर दिया. (Photo: X/DrSJaishankar)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 01 नवंबर 2026,
  • अपडेटेड 1:09 AM IST

शनिवार को क्वाड देशों के विदेश मंत्रियों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), जरूरी खनिजों और समुद्री सुरक्षा के क्षेत्र में आपसी सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई. साथ ही, चारों देशों ने बड़े क्षेत्रों में कारोबार और व्यापार को बढ़ावा देने के लिए बिजनेस लीडर्स फोरम का ऐलान किया. 

इस साल हुई अपनी तीसरी बैठक में भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के विदेश मंत्रियों ने इंडो पैसिफिक क्षेत्र में भरोसेमंद AI तकनीक की पहुंच बढ़ाने के लिए 85 मिलियन अमेरिकी डॉलर की तकनीकी मदद देने की इच्छा जताई. इसके अलावा, उन्होंने इस क्षेत्र में समुद्री निगरानी के लिए पहले सहयोग कार्यक्रम सी ड्रैगन 2027 आयोजित करने की भी घोषणा की. 

Advertisement

अटलांटा में G20 विदेश मंत्रियों की बैठक के दौरान, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो की मेजबानी में हुई क्वाड देशों की इस चर्चा में भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर, ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग और जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी शामिल हुए.

भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने शनिवार को 'क्वाड' देशों के बीच सहयोग को और बढ़ाने पर जोर दिया. इसका मकसद सप्लाई चेन को मजबूत बनाना और टेक्नोलॉजी, अहम खनिजों औक ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करना है. उन्होंने हिंद प्रशांत क्षेत्र में गैर-बाजार प्रथाओं का मुकाबला करने और बढ़ते आर्थिक दबावों के बारे में चर्चा की. 

यह भी पढ़ें: ऊर्जा ठिकानों पर हमले के पीछे सोची-समझी रणनीति, विदेश मंत्री एस. जयशंकर का बड़ा बयान

जयशंकर ने इस बारे में X पर पोस्ट करते हुए बताया कि उन्होंने हिंद-प्रशांत क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने, समृद्धि को बढ़ावा देने और चुनावी स्वतंत्रता सुनिश्चित करने के महत्व पर जोर दिया. उन्होंने आतंकवाद विरोधी प्रयासों, समुद्री सुरक्षा और क्षमता निर्माण से जुड़े समझौते को आगे बढ़ाने पर भी जोर दिया, जिससे क्षेत्र की मजबूती बढ़ सके और शांति और स्थिरता में बढ़ावा दिया जा सके. 

Advertisement

अटलांटा में G20 विदेश मंत्रियों की बैठक के दौरान, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर, जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी और ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग से मुलाकात की.

क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने बुलाई थी. बैठक में मंत्रियों ने कहा कि समुद्री रास्तों को सुरक्षित रखना बहुत जरूरी है, ताकि व्यापार बिना किसी रुकावट के जारी रहे. उन्होंने ऊर्जा सुरक्षा के साथ ही समुद्री कर्मचारियों और जहाजों की बिना किसी बाधा या अतिरिक्त शुल्क से सुरक्षित आवाजाही पर भी जोर दिया.  

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »